Aapka Rajasthan

उदयपुर जिला परिषद चुनाव: दो चरणों की वोटिंग के बाद भाजपा ने शुरू की प्रत्याशियों की बाड़ेबंदी, जिला प्रमुख की कुर्सी पर नजर

 
उदयपुर जिला परिषद चुनाव: दो चरणों की वोटिंग के बाद भाजपा ने शुरू की प्रत्याशियों की बाड़ेबंदी, जिला प्रमुख की कुर्सी पर नजर

उदयपुर जिला परिषद चुनाव में दो चरणों का मतदान पूरा होते ही सियासी हलचल तेज हो गई है। जिला परिषद में अपना बोर्ड बनाने और जिला प्रमुख की कुर्सी पर कब्जा जमाने के लिए भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने अभी से रणनीति बनानी शुरू कर दी है। पार्टी ने मतदान हो चुके वार्डों के अपने प्रत्याशियों को एकजुट रखने के लिए बाड़ेबंदी शुरू कर दी है। इसके तहत 25 से अधिक प्रत्याशियों को बसों और निजी वाहनों से राजसमंद के एक रिसॉर्ट में पहुंचाया गया है।

प्रत्याशियों को रिसॉर्ट में बुलाया

रिपोर्ट के मुताबिक, जिन वार्डों में मतदान पूरा हो चुका है, वहां के भाजपा प्रत्याशियों को रविवार को पार्टी की ओर से रिसॉर्ट पहुंचने के निर्देश दिए गए। कुछ प्रत्याशियों ने निजी व्यस्तताओं का हवाला देते हुए सोमवार तक पहुंचने की बात कही। पार्टी की योजना है कि तीसरे चरण का मतदान पूरा होने के बाद बाकी प्रत्याशियों को भी एक जगह बुलाया जाएगा। तीसरे चरण में 3 नवंबर को जिला परिषद के शेष आठ वार्डों में मतदान होना है।

20 नवंबर को आएंगे नतीजे

उदयपुर जिला परिषद की कुल 47 सीटों के लिए तीन चरणों में मतदान कराया जा रहा है। पहले चरण में 22 अक्टूबर को 25 वार्डों और दूसरे चरण में 28 अक्टूबर को 14 वार्डों में वोटिंग हुई। अब आठ वार्डों में मतदान बाकी है। सभी चरणों की मतगणना 20 नवंबर को होगी। इसके बाद 25 नवंबर को जिला प्रमुख और 26 नवंबर को उप जिला प्रमुख का चुनाव कराया जाएगा।

जिला प्रमुख के नामों पर भी चर्चा

भाजपा में जिला प्रमुख पद को लेकर भी संभावित चेहरों पर चर्चा शुरू हो गई है। पार्टी में चंद्रगुप्त सिंह चौहान, दलीचंद डांगी, हिम्मत सिंह झाला, प्रतिभा नागदा और घनश्याम मेनारिया के नाम चर्चा में बताए जा रहे हैं। हालांकि, जिला प्रमुख के नाम पर अंतिम फैसला चुनाव परिणाम आने के बाद ही स्पष्ट होगा।

राजनीतिक जानकारों की नजर अब तीसरे चरण के मतदान और 20 नवंबर को आने वाले नतीजों पर है। भाजपा की बाड़ेबंदी को चुनाव परिणाम के बाद अपने प्रत्याशियों को एकजुट रखने और जिला प्रमुख के चुनाव तक राजनीतिक समीकरण संभालने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है।