BJP किसान मोर्चा में सीकर को मिला बड़ा सम्मान, ओमप्रकाश बिजारणिया बने प्रदेश मंत्री; हरिराम रणवां को मिली नई जिम्मेदारी
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नई प्रदेश कार्यकारिणी में किसान मोर्चा के पदों पर नियुक्तियां की गई हैं। इस नई टीम में सीकर जिले के नेताओं को अहम जिम्मेदारी मिली है। भाजपा किसान मोर्चा में सीकर के नेताओं को स्थान मिलने से कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है।
भाजपा ने ओमप्रकाश बिजारणिया को किसान मोर्चा का प्रदेश मंत्री नियुक्त किया है। वहीं, वरिष्ठ भाजपा नेता हरिराम रणवां को किसान मोर्चा में विशेष आमंत्रित सदस्य बनाया गया है। दोनों नेताओं की नियुक्ति के बाद जिले के भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने खुशी जताई है।
ओमप्रकाश बिजारणिया को मिली बड़ी जिम्मेदारी
ओमप्रकाश बिजारणिया लंबे समय से भाजपा संगठन से जुड़े हुए हैं और किसान हितों से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाते रहे हैं। किसान मोर्चा के प्रदेश मंत्री के रूप में अब उन्हें प्रदेश स्तर पर संगठन को मजबूत करने और किसानों से जुड़े मुद्दों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी मिलेगी।
उनकी नियुक्ति को सीकर जिले के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है। पार्टी कार्यकर्ताओं का कहना है कि इससे जिले की आवाज को प्रदेश स्तर पर मजबूती मिलेगी।
हरिराम रणवां को बनाया गया विशेष आमंत्रित सदस्य
भाजपा के वरिष्ठ नेता हरिराम रणवां को किसान मोर्चा की प्रदेश कार्यकारिणी में विशेष आमंत्रित सदस्य बनाया गया है। रणवां का संगठन में लंबा अनुभव रहा है और वे पार्टी की गतिविधियों में लगातार सक्रिय रहे हैं।
उनके अनुभव का लाभ किसान मोर्चा के कामकाज और संगठन विस्तार में मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल
सीकर जिले के दोनों नेताओं को नई जिम्मेदारी मिलने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह देखने को मिल रहा है। कार्यकर्ताओं ने इसे जिले के लिए सम्मान की बात बताते हुए शीर्ष नेतृत्व का आभार जताया।
स्थानीय नेताओं का कहना है कि नई जिम्मेदारियों के माध्यम से किसान मोर्चा को और मजबूत किया जाएगा तथा किसानों से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता के साथ उठाया जाएगा।
किसान मोर्चा की भूमिका होगी अहम
भाजपा में किसान मोर्चा ग्रामीण क्षेत्रों और किसानों के बीच संगठन को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। आगामी समय में किसान योजनाओं, कृषि से जुड़े मुद्दों और ग्रामीण क्षेत्रों में पार्टी की पहुंच बढ़ाने पर मोर्चा का विशेष ध्यान रहेगा।
सीकर जैसे कृषि प्रधान जिले से जुड़े नेताओं को प्रदेश स्तर पर जिम्मेदारी मिलने से संगठन को मजबूती मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
