रणथंभौर में मां-बेटी बाघिनों की भिड़ंत, लेक एरिया में रिद्धि और माही के बीच जबरदस्त संघर्ष
राजस्थान के रणथंभौर टाइगर रिजर्व से एक रोमांचक और हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है। यहां मशहूर बाघिन रिद्धि और उसकी बेटी माही के बीच इलाके को लेकर जबरदस्त संघर्ष देखने को मिला। इस घटना ने जंगल के “वर्चस्व की लड़ाई” को एक बार फिर उजागर कर दिया है।
जानकारी के अनुसार, यह घटना रणथंभौर के जोन नंबर-3 स्थित राजबाग झील (लेक एरिया) के पास हुई। जंगल सफारी पर गए पर्यटकों ने अचानक दोनों बाघिनों को आमने-सामने आते देखा, जिसके बाद जोरदार गर्जना के साथ संघर्ष शुरू हो गया। इस नजारे को देखकर वहां मौजूद सैलानी भी दहशत में आ गए, हालांकि कई लोगों ने इस दुर्लभ दृश्य को अपने कैमरों में कैद कर लिया।
वन्यजीव विशेषज्ञों के मुताबिक, यह टेरिटोरियल फाइट (इलाके की लड़ाई) का सामान्य व्यवहार है। जब बाघिन के शावक बड़े होकर ‘सब-एडल्ट’ अवस्था में पहुंचते हैं, तो वे अपना अलग इलाका बनाने की कोशिश करते हैं। इसी प्रक्रिया में कई बार उन्हें अपनी ही मां से टकराना पड़ता है।
बताया जा रहा है कि बाघिन माही अब स्वतंत्र रूप से अपना क्षेत्र स्थापित करना चाहती है, जबकि रिद्धि अपने इलाके पर कब्जा बनाए रखना चाहती है। इसी वर्चस्व की जंग ने दोनों को आमने-सामने ला दिया। यह संघर्ष जंगल के उस कठोर नियम को दर्शाता है, जिसे “सर्वाइवल ऑफ द फिटेस्ट” कहा जाता है।
इस तरह की भिड़ंत में कई बार दोनों जानवर घायल भी हो जाते हैं। पहले भी ऐसी घटनाओं में मां-बेटी दोनों को चोट लगने की जानकारी सामने आई है, जिसके बाद वन विभाग को उनकी निगरानी करनी पड़ी थी। घटना के बाद वन विभाग की टीम अलर्ट मोड पर है और दोनों बाघिनों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि यह प्राकृतिक व्यवहार है, लेकिन किसी भी संभावित खतरे को देखते हुए लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है।
रणथंभौर में इस तरह की घटनाएं पर्यटकों के लिए भले ही रोमांचक होती हैं, लेकिन यह जंगल के संघर्षपूर्ण जीवन की सच्चाई को भी सामने लाती हैं। यहां हर बाघ को अपने अस्तित्व और इलाके के लिए लगातार लड़ना पड़ता है। फिलहाल, इस घटना के बाद पर्यटकों में उत्सुकता बढ़ गई है, वहीं वन विभाग स्थिति पर नजर बनाए हुए है, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।
