ज्ञानेश कुमार के खिलाफ राजनीतिक कारणों से संस्थाओं का विरोध न करें: भाजपा सांसद सुधाकर
बेंगलुरु, 17 अक्टूबर (आईएएनएस)। कर्नाटक के चिक्कबल्लापुर से भाजपा सांसद डॉ. के. सुधाकर ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर कहा कि राजनीतिक कारणों से संवैधानिक संस्थाओं का अनावश्यक विरोध नहीं किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि संस्थाओं को स्वायत्त रहना चाहिए और अपने संवैधानिक दायित्वों का निर्वहन करना चाहिए।
डॉ. के. सुधाकर ने कहा कि लोगों को तथ्यों की जांच करनी चाहिए और संबंधित जानकारी जुटाने के बाद ही अपनी राय रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा ने 2014 के लोकसभा चुनाव में अपने दम पर 282 सीटें जीती थीं, जबकि 2019 में पार्टी को 303 सीटें मिली थीं। इन दोनों चुनावों के दौरान ज्ञानेश कुमार मुख्य चुनाव आयुक्त नहीं थे।
उन्होंने कहा कि 2024 के लोकसभा चुनाव में भाजपा की सीटें 303 से घटकर 240 रह गईं, उस समय ज्ञानेश कुमार मुख्य चुनाव आयुक्त थे। उन्होंने कहा कि लोगों को तथ्यों को सही तरीके से समझना चाहिए और राजनीतिक उद्देश्यों से संवैधानिक संस्थाओं का विरोध करने से बचना चाहिए।
भाजपा सांसद ने कहा कि उनका समर्थन किसी विशेष व्यक्ति के लिए नहीं, बल्कि संस्थाओं की स्वायत्तता और उनके संवैधानिक दायित्वों के निर्वहन के लिए है। उन्होंने कहा कि संस्थाएं अपना काम कर रही हैं और यदि कोई व्यक्ति दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ सबूतों के आधार पर कार्रवाई की जा सकती है।
डॉ. सुधाकर ने कहा कि केवल किसी की राय या आरोपों के आधार पर उसके खिलाफ कार्रवाई नहीं की जा सकती। यदि किसी के खिलाफ ठोस सबूत हैं, तो निश्चित रूप से उचित कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह मामला किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है। उन्होंने ज्ञानेश कुमार का जिक्र करते हुए कहा कि वह एक वरिष्ठ आईएएस अधिकारी हैं, जिन्होंने निर्धारित प्रक्रिया पूरी होने के बाद पदभार संभाला था।
--आईएएनएस
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