युवा देश की सबसे बड़ी ताकत, विकसित भारत के निर्माण में निभाएंगे अहम भूमिका: मंडाविया
नई दिल्ली, 6 जून (आईएएनएस)। केंद्रीय युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया ने कहा कि भारत के युवा देश की सबसे बड़ी ताकत हैं और 'विकसित भारत 2047' के लक्ष्य को साकार करने में उनकी भूमिका सबसे महत्वपूर्ण होगी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में युवाओं को नवाचार, उद्यमिता, खेल, स्टार्टअप और सार्वजनिक सेवा जैसे क्षेत्रों में अभूतपूर्व अवसर मिले हैं।
डॉ. मंडाविया ने शनिवार को राष्ट्रीय राजधानी के त्यागराज स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में आयोजित 'यूथ फॉर विकसित भारत: माई भारत यूथ कन्वेंशन' को संबोधित करते हुए यह बात कही। इस अवसर पर दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता भी मौजूद रहीं।
इस सम्मेलन में देशभर से 6,000 से अधिक युवाओं ने भाग लिया। इनमें छात्र, युवा पेशेवर, महिला उद्यमी, स्टार्टअप संस्थापक, कंटेंट क्रिएटर, इनोवेटर, उभरते नेता और विभिन्न क्षेत्रों में उपलब्धियां हासिल करने वाले युवा शामिल थे। कार्यक्रम का उद्देश्य राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका और वर्ष 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को मजबूत करना था।
अपने संबोधन में डॉ. मंडाविया ने कहा कि भारत की करीब 65 प्रतिशत आबादी 35 वर्ष से कम आयु की है, जो देश की सबसे बड़ी जनसांख्यिकीय शक्ति है।
उन्होंने कहा, "युवा हमारी ताकत, हमारा गौरव, हमारा संकल्प और हमारा भविष्य हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में युवाओं के लिए नए अवसरों का सृजन हुआ है। आज भारतीय युवा स्टार्टअप, खेल, उद्यमिता, सार्वजनिक सेवा और रचनात्मक क्षेत्रों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर देश की वैश्विक पहचान को मजबूत कर रहे हैं।"
उन्होंने 'माई भारत' की विभिन्न पहलों का उल्लेख करते हुए कहा कि यह मंच युवाओं की ऊर्जा और क्षमता को राष्ट्र निर्माण की दिशा में सकारात्मक रूप से आगे बढ़ाने का कार्य कर रहा है। उन्होंने हाल ही में माय भारत द्वारा बनाए गए गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड की भी सराहना की और युवाओं से स्वयंसेवा तथा राष्ट्रहित के कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी की अपील की।
डॉ. मंडाविया ने कहा, "यह समय युवाओं का है। विकसित भारत का सपना युवाओं के विचारों, नवाचार और आकांक्षाओं से ही पूरा होगा। हमें मिलकर एक आत्मनिर्भर, आत्मविश्वासी और प्रतिस्पर्धी भारत का निर्माण करना है, जो 140 करोड़ भारतीयों के सपनों को साकार करे।"
इस अवसर पर दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि भारत के युवा अपनी प्रतिभा, मेहनत और दृढ़ संकल्प के दम पर देश को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए तैयार हैं। उन्होंने कहा कि युवा मेहनती, दूरदर्शी, रचनात्मक और साहसी हैं तथा उनकी हर उपलब्धि विकसित भारत की दिशा में देश को मजबूत बनाती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी भी क्षेत्र में उत्कृष्टता अनुशासन, समर्पण और निरंतर प्रयास से हासिल होती है। उन्होंने खेल, उद्यमिता, कंटेंट क्रिएशन, कला और सार्वजनिक सेवा के क्षेत्र में युवाओं की उपलब्धियों की सराहना की।
कार्यक्रम के दौरान गायिका और विधायक मैथिली ठाकुर, अभिनेता विक्रांत मैसी, उद्यमी अमन गुप्ता और भारतीय क्रिकेटर जितेश शर्मा ने माय भारत और एनएसएस स्वयंसेवकों के साथ संवाद किया तथा अपने अनुभव साझा करते हुए युवाओं को उत्कृष्टता की ओर बढ़ने और राष्ट्र निर्माण में योगदान देने के लिए प्रेरित किया।
अभिनेता विक्रांत मैसी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की क्रिएटर इकोनॉमी के तेजी से विकास और डिजिटल सशक्तिकरण से मिले अवसरों पर प्रकाश डाला। वहीं, उद्यमी अमन गुप्ता ने भारत को दुनिया की स्टार्टअप राजधानी बनाने के लिए सरकार द्वारा किए जा रहे प्रयासों की चर्चा की।
सम्मेलन में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मानित भी किया गया। भारतीय क्रिकेटर जितेश शर्मा ने "प्ले इन इंडिया, प्ले फॉर इंडिया" विषय पर अपने अनुभव साझा करते हुए युवाओं को खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश का नाम रोशन करने के लिए प्रेरित किया।
कार्यक्रम में युवा मामलों की सचिव पल्लवी जैन गोविल ने भी युवाओं की सतत भागीदारी और नेतृत्व क्षमता को मजबूत करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई।
सम्मेलन का समापन 'विकसित भारत संकल्प' के साथ हुआ, जिसमें युवाओं ने वर्ष 2047 तक एक विकसित, आत्मनिर्भर और समावेशी भारत के निर्माण में सक्रिय योगदान देने का संकल्प लिया।
--आईएएनएस
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