वसई-विरार चुनाव से पहले फडणवीस का हितेंद्र ठाकुर पर बड़ा हमला, अवैध निर्माण को लेकर माफिया पर साधा निशाना
नालासोपारा, 9 जनवरी (आईएएनएस)। महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने वसई-विरार महानगरपालिका को लेकर हितेंद्र ठाकुर पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि सत्ता किसी एक के हाथ में नहीं होनी चाहिए, इसका सबसे बड़ा उदाहरण वसई-विरार महानगरपालिका है।
वसई-विरार महानगरपालिका चुनाव की पृष्ठभूमि में शुक्रवार को नालासोपारा स्थित सेंट्रल पार्क मैदान में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की विजयी संकल्प सभा आयोजित की गई। इस दौरान उन्होंने वसई-विरार महानगरपालिका को लेकर हितेंद्र ठाकुर पर हमला बोलते हुए कहा कि सत्ताधारियों ने इस महानगरपालिका का उपयोग एटीएम की तरह किया, भ्रष्टाचार के माध्यम से अपनी जेबें भरीं और इसी कारण वसई-विरार शहर का विकास रुक गया।
सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि वर्षों से भ्रष्टाचार, गुंडागर्दी और आम लोगों को धमकाने की घटनाएं देखने को मिलीं। एक ओर जानबूझकर अवैध निर्माण किए जाते थे और दूसरी ओर लोगों को धमकाकर चुनाव जीते जाते थे। कभी मुंबई की ओर तेजी से बढ़ने वाला शहर माना जाने वाला वसई-विरार समय के साथ दहशत के माहौल के लिए पहचाना जाने लगा।
उन्होंने कहा कि हत्या, मारपीट और लूटपाट जैसे अपराध बढ़े। रेत माफिया, टैंकर माफिया और केरोसिन माफिया के कारण आम नागरिकों का जीवन कठिन हो गया। वर्ष 2014 के बाद राज्य में व्यापक विकास हुआ, लेकिन वसई-विरार में हमें प्रवेश ही नहीं करने दिया गया। यहां बैठे सत्ताधारी नहीं चाहते थे कि विकास जनता तक पहुंचे, इसलिए उन्होंने विकास कार्यों में लगातार बाधाएं खड़ी कीं।
उन्होंने मतदाताओं से अपील करते हुए कहा, “आप पहले ही एक बाधा दूर कर चुके हैं। पहले सांसद चुने, फिर आपने विधायक भी चुनकर दिए हैं। अब 15 तारीख को दूसरी बाधा भी दूर कर दीजिए। फिर देखिए, हम वसई-विरार का सुपरफास्ट विकास करके दिखाएंगे।”
मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि कुछ बिल्डर और सत्ताधारी नेताओं ने मिलकर बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण किए, जिसका खामियाजा आम नागरिकों को भुगतना पड़ रहा है। कभी प्रशासन से आदेश आता है, तो कभी सर्वोच्च न्यायालय से और फिर इन निर्माणों पर कार्रवाई की तलवार लटक जाती है।
उन्होंने आश्वासन दिया कि नई क्लस्टर योजना लाई जाएगी, किसी का घर नहीं तोड़ा जाएगा। अवैध निर्माणों को नियमित करने के लिए विशेष योजना लागू की जाएगी और इन अवैध निर्माणों को अधिकृत इमारतों में बदला जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हर बार महानगरपालिका चुनाव के समय लोगों को डराया जाता है। घर तोड़ने और पानी बंद करने की धमकियां दी जाती हैं, लेकिन जनता को याद रखना चाहिए कि देवेंद्र फडणवीस और एकनाथ शिंदे घर देने वालों में से हैं, घर लेने वालों में से नहीं। यह ‘देना बैंक’ है, ‘लेना बैंक’ नहीं। घरों को सुरक्षित रखते हुए वसई-विरार और नालासोपारा का अधिकृत विकास किया जाएगा।
नालासोपारा की सभा में मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने शहर के बुनियादी ढांचे के विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। इनमें मीरा रोड से विरार तक 23 किलोमीटर लंबी मेट्रो-13, रेलवे मार्ग और स्टेशनों पर नई सुविधाएं, अलकापुरी (नालासोपारा) में नया रेलवे स्टेशन, स्वचालित दरवाजों वाले वातानुकूलित लोकल ट्रेन डिब्बे, उत्तर विरार सागरी सेतु, विरार-अलीबाग कॉरिडोर, बुलेट ट्रेन परियोजना, रोजगार के नए अवसर, समूह पुनर्विकास योजना, सीवेज (सांडपाणी) परियोजना, बाढ़ नियंत्रण के लिए विशेष उपाय, हरित पट्टों का संरक्षण, कोलीवाड़ों का सर्वेक्षण और जलापूर्ति योजना शामिल हैं।
--आईएएनएस
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