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वाराणसी में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से नीचे, पुजारी बोले- धीरे-धीरे पटरी पर लौटेगा जीवन

वाराणसी, 6 सितंबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश में गंगा नदी का जलस्तर अब खतरे के निशान से नीचे आ गया है, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, गंगा का मौजूदा जलस्तर 70.26 मीटर दर्ज किया गया है, जो चेतावनी बिंदु से भी नीचे है। पिछले कई दिनों से बढ़े हुए जलस्तर ने घाटों पर रहने वाले लोगों और गंगा से जुड़ी आजीविका वालों की चिंता बढ़ा दी थी।
 

वाराणसी, 6 सितंबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश में गंगा नदी का जलस्तर अब खतरे के निशान से नीचे आ गया है, जिससे लोगों ने राहत की सांस ली है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार, गंगा का मौजूदा जलस्तर 70.26 मीटर दर्ज किया गया है, जो चेतावनी बिंदु से भी नीचे है। पिछले कई दिनों से बढ़े हुए जलस्तर ने घाटों पर रहने वाले लोगों और गंगा से जुड़ी आजीविका वालों की चिंता बढ़ा दी थी।

हालांकि जलस्तर घट रहा है, लेकिन घाटों पर स्थिति अभी भी सामान्य नहीं हुई है। वाराणसी के सभी 84 घाट अभी भी जलमग्न हैं और नौका संचालन पर अभी भी रोक लगी हुई है। घाटों के निचले इलाकों में स्थित छोटे मंदिर भी पानी में डूबे हुए हैं। प्रशासन का कहना है कि जलस्तर घटने के बावजूद घाटों पर स्थिति सामान्य होने में अभी कुछ समय लग सकता है।

गंगा घाट पर पूजा-पाठ करने वाले एक पुजारी संजीव कुमार दुबे ने बताया, "गंगा का जलस्तर अभी घट रहा है। कल से जलस्तर चार-पांच सीढ़ियां नीचे आ गया है और धीरे-धीरे कम हो रहा है। अभी जलस्तर बढ़ने की कोई संभावना नहीं दिख रही है, लेकिन इसके घटने के स्पष्ट संकेत हैं।"

उन्होंने आगे कहा कि जलस्तर बढ़ने से लोगों को काफी परेशानी हो रही थी। जिन लोगों की जीविका गंगा घाट से जुड़ी है, जैसे नाविक, पुजारी, फूल-माला विक्रेता और पर्यटन से जुड़े लोग, उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। घाटों के डूबने से आरती और पूजा-पाठ भी प्रभावित हुए थे। लेकिन अब जब धीरे-धीरे पानी घट रहा है तो लोगों का जीवन पटरी पर लौटने की उम्मीद है।

पिछले कुछ दिनों में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया था, जिसके बाद जिला प्रशासन ने अलर्ट जारी किया था और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी थी। एनडीआरएफ और स्थानीय प्रशासन की टीमें लगातार निगरानी कर रही थीं। अब जलस्तर कम होने से बाढ़ का खतरा टल गया है।

--आईएएनएस

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