वाराणसी में बनेगा आधुनिक सिग्नेचर ब्रिज; इंफ्रास्ट्रक्चर और टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा
वाराणसी, 16 जून (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में गंगा नदी पर दिल्ली के सिग्नेचर ब्रिज की तर्ज पर एक भव्य और आधुनिक सिग्नेचर ब्रिज का निर्माण किया जा रहा है। इस महत्वाकांक्षी परियोजना से न केवल काशी के बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी बल्कि पर्यटन, व्यापार और क्षेत्रीय संपर्क को भी नया आयाम मिलने की उम्मीद है। यह परियोजना वाराणसी के विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
डिविजनल कमिश्नर एस राजलिंगम ने मीडिया से बातचीत के दौरान बताया कि प्रस्तावित सिग्नेचर ब्रिज मदन मोहन मालवीय ब्रिज के समीप बनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस परियोजना पर रेल विकास निगम की ओर से कार्य शुरू कर दिया गया है।
उन्होंने बताया कि यह एक अत्याधुनिक और अनूठा दोहरे उपयोग वाला पुल होगा, जिसमें ऊपरी हिस्से में छह लेन का सड़क मार्ग विकसित किया जाएगा, जबकि इसके निचले हिस्से में चार लेन का रेल मार्ग होगा। इस तरह एक ही संरचना के माध्यम से सड़क और रेल दोनों प्रकार के यातायात का संचालन किया जा सकेगा। परियोजना के तहत पुराने डाक पुल से लेकर पड़ाव चौराहा तक कार्ययोजना तैयार की गई है।
स्थानीय निवासी नरेंद्र सिंह ने इस परियोजना का स्वागत करते हुए कहा कि यह वाराणसी के लोगों के लिए एक बड़ी सौगात है। पुल बनने से परिवहन व्यवस्था मजबूत होगी और लोगों को यात्रा के दौरान होने वाली परेशानियों से राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि सड़क और रेल दोनों यातायात के लिए एकीकृत व्यवस्था क्षेत्र के विकास को गति प्रदान करेगी।
वहीं, स्थानीय नागरिक मनीष सिंह ने बताया कि रेलवे ने सिग्नेचर ब्रिज के निर्माण की दिशा में काम शुरू कर दिया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने काशी के सांसद के रूप में शहर के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण योजनाओं और परियोजनाओं की शुरुआत की है, जिनका लाभ केवल वाराणसी ही नहीं बल्कि पूरे उत्तर भारत को मिल रहा है। इस सिग्नेचर ब्रिज से क्षेत्रीय संपर्क और अधिक मजबूत होगा तथा लोगों को आवागमन में काफी सहूलियत होगी।
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