'वह जिंदा हैं, सिर्फ इसलिए ताकि बातचीत कर सकें', समुद्री जलमार्गों पर ईरान की वसूली पर ट्रंप की दो टूक
नई दिल्ली, 10 अप्रैल (आईएएनएस)। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर कड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि आज वे सिर्फ इसलिए जिंदा हैं, ताकि बातचीत कर सकें।
उन्होंने कहा कि ईरान के पास अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों के जरिए दबाव बनाने के अलावा ज्यादा विकल्प नहीं हैं और वह बातचीत के जरिए ही अपनी स्थिति बनाए रखना चाहता है। ट्रंप ने यह भी कहा कि ईरानी लोग लड़ाई के बजाय 'फेक न्यूज मीडिया' और 'पब्लिक रिलेशन्स' संभालने में ज्यादा माहिर हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पोस्ट में कहा, ''ईरानियों को शायद यह एहसास नहीं है कि उनके पास अंतरराष्ट्रीय जलमार्गों का इस्तेमाल करके दुनिया से थोड़े समय के लिए जबरदस्ती वसूली करने के अलावा कोई और दांव नहीं है। आज वे सिर्फ इसलिए जिंदा हैं, ताकि बातचीत कर सकें।''
ट्रंप ने कहा कि ईरानी लोग लड़ने के मुकाबले, 'फेक न्यूज मीडिया' और 'पब्लिक रिलेशन्स' को संभालने में ज्यादा माहिर हैं।
राष्ट्रपति ट्रंप ने तेहरान को होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले टैंकरों से शुल्क वसूलने के खिलाफ चेतावनी दी।
ट्रंप ने ईरान पर होर्मुज स्ट्रेट के रास्ते तेल की शिपमेंट को सीमित करके संघर्ष-विराम (सीजफायर) की सहमति का उल्लंघन करने का आरोप लगाया।
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, "ईरान होर्मुज स्ट्रेट से तेल टैंकरों के गुजरने की अनुमति देने में बहुत खराब काम कर रहा है। कुछ लोग इसे बेईमानी भी कह सकते हैं। हमारा समझौता ऐसा बिल्कुल नहीं था।"
उनकी यह टिप्पणी उन रिपोर्टों के बीच आई है, जिनमें कहा गया है कि संघर्षविराम शुरू होने के बाद से इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से सिर्फ कुछ ही जहाज गुजर पाए, जिससे वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को लेकर चिंता बढ़ गई है।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने उन खबरों पर भी कड़ी प्रतिक्रिया दी कि ईरान टैंकरों से शुल्क वसूल सकता है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'ट्रुथ सोशल' पर पोस्ट में कहा, "ऐसी रिपोर्ट्स हैं कि ईरान होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले टैंकरों से शुल्क वसूल रहा है। उसे ऐसा नहीं करना चाहिए और अगर वे ऐसा कर रहा है, तो उसे यह तुरंत बंद करना होगा।"
अमेरिकी राष्ट्रपति की इन टिप्पणियों से संघर्षविराम के बावजूद तनाव बढ़ने के संकेत मिलते हैं, हालांकि यह स्पष्ट नहीं है कि अमेरिका कोई सीधा कदम उठाएगा या नहीं। इससे पहले राष्ट्रपति ट्रंप खुद भी इसी होर्मुज स्ट्रेट में अमेरिकी टोल लगाने का विचार दे चुके हैं, लेकिन उन्होंने कहा कि उन्हें ईरान के कथित शुल्क के बारे में अभी-अभी जानकारी मिली है।
--आईएएनएस
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