यूपी एमएलसी चुनाव : भाजपा का ऐतिहासिक जीत का दावा, आगरा में सपा कार्यकर्ताओं ने किया हंगामा
लखनऊ, 27 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश विधान परिषद की स्नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों की 11 सीटों के लिए मंगलवार सुबह आठ बजे से मतगणना जारी है। लखनऊ, वाराणसी, आगरा, मेरठ, झांसी, बरेली और गोरखपुर में चल रही मतगणना के बीच भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने ऐतिहासिक जीत का दावा किया है। वहीं, कुछ मतगणना केंद्रों पर विपक्षी प्रत्याशियों ने प्रक्रिया को लेकर सवाल उठाए हैं।
लखनऊ में समाजवादी पार्टी (सपा) की प्रत्याशी कांती सिंह और अटेवा प्रत्याशी विजय कुमार बंधु ने शुरुआती दौर में गड़बड़ी के आरोप लगाए, जबकि आगरा में मतगणना स्थल पर सपा कार्यकर्ताओं के हंगामे की सूचना सामने आई। उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने मतगणना के नतीजों को लेकर भाजपा की जीत का भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि पार्टी अच्छे परिणामों की उम्मीद कर रही है और मतगणना पूरी होने के बाद भाजपा ऐतिहासिक जीत दर्ज करेगी।
उधर, सपा प्रत्याशी कांती सिंह ने भी अपनी जीत को लेकर पूरा विश्वास जताया। उन्होंने कहा कि मतपत्रों की गिनती और बंडल बनाने का काम चल रहा है। इस दौरान कुछ व्यवधान आया था और मतगणना एजेंट अपनी मांगें रख रहे थे। इस पर आपत्ति जताई गई, जिसके बाद प्रशासन ने सहमति दी और अब प्रक्रिया को व्यवस्थित तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है। कांती सिंह ने अपनी जीत के सवाल पर कहा कि वह 200 फीसदी आश्वस्त हैं। उन्होंने दावा किया कि उन्होंने पिछले दो वर्षों और करीब 25 वर्षों से लगातार काम किया है। पार्टी, परिवार और समाज के लोग दिन-रात मेहनत कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यहां सच्चाई, ईमानदारी और निष्ठा के साथ काम होता है। लखनऊ के रमाबाई आंबेडकर रैली स्थल पर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना के शुरुआती चरण में ही दो प्रत्याशियों ने अनियमितताओं के आरोप लगाए।
अटेवा प्रत्याशी विजय कुमार बंधु और सपा प्रत्याशी कांती सिंह ने मतगणना प्रक्रिया पर सवाल उठाए। दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में कुल 29 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला होना है। मतगणना के लिए स्नातक और शिक्षक दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में 14-14 टेबल लगाई गई हैं। प्रत्येक टेबल पर चार कर्मचारियों की तैनाती की गई है। संयुक्त पुलिस आयुक्त अपर्णा कुमार ने बताया कि मतगणना के लिए पुलिसकर्मी और कर्मचारी सुबह साढ़े पांच बजे से ही पहुंचने लगे थे। सुबह आठ बजे से प्रक्रिया की तैयारियां शुरू कर दी गईं। फिलहाल मतपत्रों की बंडलिंग का काम चल रहा है। उन्होंने बताया कि मतगणना पूरी होने में कम से कम 48 घंटे यानी दो दिन लगने का अनुमान है।
स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के अवनीश कुमार सिंह और सपा की कांती सिंह के बीच मुकाबला है, जबकि शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के उमेश द्विवेदी और सपा के सुशील कुमार मैदान में हैं। इनके अलावा अन्य निर्दलीय प्रत्याशी भी चुनावी मैदान में हैं। आगरा के नवीन गल्ला मंडी स्थित मतगणना केंद्र पर हंगामे की स्थिति बन गई। सपा कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें जबरन मतगणना स्थल से दूर किया जा रहा है। हंगामे की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सतर्क हो गए। मतगणना के दौरान किसी भी तरह की समस्या या शिकायत के लिए सपा ने 10 हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। पार्टी ने अपने प्रत्याशियों और कार्यकर्ताओं से मतगणना से जुड़ी शिकायतों के लिए इन नंबरों पर संपर्क करने की अपील की है।
बरेली में मतगणना केंद्र पर फिलहाल मतपत्रों के बंडल बनाए जा रहे हैं। इसके बाद मतों की गिनती शुरू होगी। यहां आठ टेबलों पर 35,149 मतों की गिनती की जानी है, जिससे 17 प्रत्याशियों के चुनावी भाग्य का फैसला होगा। देर रात तक परिणाम आने की उम्मीद जताई गई है। वाराणसी के जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी सत्येंद्र कुमार ने बताया कि शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए मतगणना शुरू हो चुकी है। पूरी प्रक्रिया राजनीतिक दलों की ओर से नामित मतगणना एजेंटों और मतगणना कर्मियों की मौजूदगी में कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि मतगणना शांतिपूर्ण ढंग से आगे बढ़ रही है।
शुरुआती चरण में मतपेटियों से मतपत्र निकालकर उनकी गड्डियां बनाई जा रही हैं। मतगणना को सुचारु रूप से संपन्न कराने के लिए पुलिस, मजिस्ट्रेट, विभिन्न विभागों के अधिकारियों और राजनीतिक दलों के एजेंटों के बीच समन्वय स्थापित किया गया है। प्रशासन ने सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक इंतजाम किए हैं। इस बीच, एक नवंबर को प्रस्तावित विपक्षी इंडिया गठबंधन की रैली को लेकर भी डिप्टी सीएम केशव प्रसाद मौर्य ने निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि इस आंदोलन को जनता का समर्थन हासिल नहीं है।
केशव प्रसाद मौर्य ने आरोप लगाया कि विपक्ष का उद्देश्य सरकार गिराना और देश में बांग्लादेश, पाकिस्तान, नेपाल, तथा श्रीलंका जैसे हालात पैदा करना है। उन्होंने कहा कि ऐसी साजिश कभी कामयाब नहीं होगी और देश की जनता इसका करारा जवाब देगी। वहीं, मंत्री सुरेश खन्ना ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि पार्टी के पास अब न कोई नीति बची है और न ही कोई ठोस मुद्दा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पिता को लेकर की गई कथित टिप्पणी की निंदा करते हुए कहा कि इस तरह की भाषा स्वीकार्य नहीं है और कांग्रेस को पूरे देश से माफी मांगनी चाहिए। फिलहाल सभी मतगणना केंद्रों पर मतपत्रों की छंटाई और बंडलिंग की प्रक्रिया के बाद मतों की गिनती आगे बढ़ेगी। प्रत्याशियों और राजनीतिक दलों की निगाहें नतीजों पर टिकी हैं।
--आईएएनएस
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