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यूपी में तीसरी बार एनडीए सरकार बनने का दावा, आशीष पटेल बोले- जीत हमारी प्राथमिकता

सुल्तानपुर, 31 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों और संभावित राजनीतिक समीकरणों को लेकर कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल ने भरोसा जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रदेश में एनडीए लगातार तीसरी बार सरकार बनाएगा। उन्होंने कहा कि पार्टी का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक सीटें जीतना है, न कि गठबंधन में सीटों को लेकर दबाव की राजनीति करना।
 

सुल्तानपुर, 31 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों और संभावित राजनीतिक समीकरणों को लेकर कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल ने भरोसा जताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में प्रदेश में एनडीए लगातार तीसरी बार सरकार बनाएगा। उन्होंने कहा कि पार्टी का मुख्य उद्देश्य अधिक से अधिक सीटें जीतना है, न कि गठबंधन में सीटों को लेकर दबाव की राजनीति करना।

आशीष पटेल ने कहा कि उनकी पार्टी विकास और जनहित के मुद्दों को प्राथमिकता देती है तथा धर्मनिरपेक्ष राजनीति में विश्वास रखती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी धार्मिक मुद्दों को राजनीतिक लाभ के लिए इस्तेमाल करने के पक्ष में नहीं है। साथ ही उन्होंने विश्वास जताया कि एनडीए एकजुट होकर चुनाव मैदान में उतरेगा और जनता का समर्थन हासिल करेगा।

सरदार वल्लभभाई पटेल के व्यक्तित्व और उनके योगदान पर बात करते हुए आशीष पटेल ने कहा कि सरदार पटेल ऐसे महान व्यक्तित्व थे, जो सभी को साथ लेकर देश बनाना चाहते थे। वह दृढ़ इच्छाशक्ति वाले कड़क प्रशासक थे, जिन्होंने देश की रियासतों को एकजुट करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने हैदराबाद के निजाम से लेकर कश्मीर के राजा तक का उल्लेख करते हुए कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर रियासतों के भारत में विलय का मार्ग प्रशस्त किया। उन्होंने कहा कि इस विषय पर वह व्यक्तिगत श्रेय लेने के लिए बात नहीं कर रहे हैं, बल्कि अपने साथियों को यह बताना चाहते हैं कि नोएडा से कुशीनगर के बीच किसी संस्थान का नाम सरदार वल्लभभाई पटेल के नाम पर नहीं था। उन्हें अवसर मिला तो उन्होंने बस्ती के इंजीनियरिंग कॉलेज का नाम सरदार वल्लभभाई पटेल इंजीनियरिंग कॉलेज रखने की पहल की।

1 नवंबर को दिल्ली में होने वाली रैली में आम आदमी पार्टी के शामिल नहीं होने के सवाल पर आशीष पटेल ने कहा कि लोकतंत्र में हर किसी को यह अधिकार है कि वह किसी कार्यक्रम में शामिल हो या नहीं। यह संबंधित व्यक्ति और दल की अपनी इच्छा पर निर्भर करता है। उन्होंने इस मौके पर एनडीए की चुनावी संभावनाओं को लेकर दावा किया कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में गठबंधन की सरकार तीसरी बार बनेगी। उन्होंने कहा कि अभी जो लोग राजनीतिक रूप से अपनी ताकत दिखा रहे हैं, चुनाव के बाद उनका उत्साह जमीन पर आ जाएगा।

मिर्जापुर से चुनावी कार्यक्रम शुरू करने वाली पूर्व आईएएस अधिकारी दिव्या के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में सभी को चुनाव लड़ने का अधिकार है। उन्होंने उन्हें शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वह जिस क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं, उसमें उन्हें और सफलता मिले।

समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव के पीडीए वाले दावे पर आशीष पटेल ने कहा कि वास्तविक सामाजिक भागीदारी एनडीए में दिखाई देती है। उन्होंने गठबंधन में शामिल ओम प्रकाश राजभर, संजय निषाद, अनुप्रिया पटेल और जयंत चौधरी का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाले गठबंधन में विभिन्न राजनीतिक दलों के नेता शामिल हैं। ऐसे में जनता खुद तय कर सकती है कि पीडीए की ताकत किस तरफ है।

आगामी विधानसभा चुनाव में सहयोगी दलों को सीटों के बंटवारे में उचित सम्मान मिलने के सवाल पर उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी टिकटों की संख्या को लेकर लड़ाई नहीं लड़ती, बल्कि जीतने वाले गठबंधन को प्राथमिकता देती है। उन्होंने पिछले विधानसभा चुनावों के आंकड़े देते हुए बताया कि वर्ष 2017 में उनकी पार्टी ने 11 सीटों पर चुनाव लड़ा था और 9 सीटों पर जीत हासिल की थी। वहीं, 2022 में 17 सीटों पर चुनाव लड़कर 13 सीटें जीती थीं। पार्टी के लिए सीटों की संख्या से अधिक महत्वपूर्ण चुनाव में सफलता हासिल करना है।

उत्तर प्रदेश चुनाव को लेकर अखिलेश यादव के दावों पर प्रतिक्रिया देते हुए आशीष पटेल ने कहा कि उनका आकलन उनके नजरिये से सही हो सकता है, लेकिन एनडीए तीसरी बार सरकार बनाने जा रहा है। यूपी चुनाव में अखिलेश यादव के नेतृत्व वाला गठबंधन पूरी तरह पराजित होगा।

उत्तर प्रदेश में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू करने को लेकर अमित शाह के बयान पर आशीष पटेल ने सीधे तौर पर कोई टिप्पणी नहीं की। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी धर्मनिरपेक्ष राजनीति में विश्वास करती है। भाजपा के साथ गठबंधन होने के बावजूद कुछ मुद्दों पर पार्टी का अपना संवैधानिक दृष्टिकोण है। धार्मिक विषयों पर उनकी पार्टी न तो राजनीति करती है और न ही अनावश्यक टिप्पणी करना उचित समझती है।

--आईएएनएस

पीएसके/वीसी