तेलंगाना: छात्रों से बिंदी-चूड़ी उतरवाने पर विवाद, वीएचपी ने बताया संस्कृति पर हमला
नई दिल्ली, 30 सितंबर (आईएएनएस)। तेलंगाना के एक स्कूल में छात्रों से चूड़ियां, बिंदी और राखी के धागे उतरवाए जाने की घटना को लेकर विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) ने कड़ी आपत्ति जताई है। वीएचपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने घटना की आलोचना करते हुए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
विनोद बंसल ने कहा कि स्कूल में एक बच्ची के हाथों से चूड़ियां और राखी हटाई गई और उसके माथे की बिंदी भी उतरवाई गई। यह कार्रवाई एक मुस्लिम शिक्षिका की ओर से की गई और इसके बाद बच्चों को स्कूल से बाहर कर दिया गया। बंसल ने इस घटना को भारतीय संस्कृति और धार्मिक आस्था के प्रति कथित असम्मान बताया। उन्होंने कहा कि बच्चों के मन में धर्म, आस्था और भारतीय संस्कृति को लेकर किसी तरह की नकारात्मक भावना पैदा करना गंभीर विषय है। बंसल ने इसे चिंताजनक और निंदनीय बताते हुए सरकार से मामले में तत्काल कार्रवाई करने की मांग की।
वीएचपी प्रवक्ता ने कहा कि स्कूल और दूसरे शिक्षण संस्थानों को बच्चों की धार्मिक आस्था और विश्वास का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने शिक्षण संस्थानों से अपील की कि बच्चों के मन में किसी भी धर्म या संस्कृति के प्रति नफरत की भावना पैदा करने वाली गतिविधियों से बचा जाए। इस तरह की तस्वीरें पहले भी अलग-अलग जगहों से सामने आती रही हैं। सरकार को ऐसे मामलों में कार्रवाई करनी चाहिए और हिंदू समाज इस तरह की घटनाओं को स्वीकार नहीं करेगा।
विनोद बंसल ने असदुद्दीन ओवैसी के हालिया बयान पर भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने ओवैसी पर संविधान और कानून की बात करने के बावजूद, संविधान की भावना का पालन नहीं करने का आरोप लगाया। देशव्यापी सर्वे और धार्मिक जनसांख्यिकी से जुड़े आंकड़े जुटाने के मुद्दे पर बंसल ने कहा कि सरकार की ओर से विभिन्न वर्गों और समुदायों से संबंधित आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया की बात कही गई है। उन्होंने कहा कि इसमें शिक्षा, घर-मकान, दुकान, संपत्ति और शिक्षा व्यवस्था समेत अलग-अलग विषयों से संबंधित जानकारी जुटाई जा रही है।
बंसल ने ओवैसी के उस रुख पर सवाल उठाया, जिसमें उन्होंने सर्वे के आंकड़ों से मुसलमानों को नुकसान होने की आशंका जताई है। वीएचपी नेता ने कहा कि अभी आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया पूरी भी नहीं हुई है और उससे पहले ही नुकसान की आशंका जताना उचित नहीं है। यदि सर्वे और आंकड़े जुटाने की प्रक्रिया में कोई तथ्य सामने आता है तो वह सामने आना चाहिए। बंसल ने ओवैसी से देश का माहौल बयानों के जरिए खराब नहीं करने की अपील करते हुए कहा कि ऐसे मुद्दों पर तथ्य सामने आने का इंतजार किया जाना चाहिए।
--आईएएनएस
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