तेजस्वी यादव ने सीईसी ज्ञानेश कुमार से पद छोड़ने की मांग की, चुनाव प्रक्रिया पर उठाए सवाल
नई दिल्ली, 12 अक्टूबर (आईएएनएस)। बिहार विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने सोमवार को चुनाव प्रक्रिया और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की भूमिका पर सवाल उठाते हुए उनसे पद छोड़ने की मांग की। दिल्ली में मार्च और विरोध-प्रदर्शन में शामिल होने के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए विपक्ष चुप नहीं बैठ सकता।
नेता प्रतिपक्ष ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग भाजपा के इशारे पर काम कर रहा है और चुनाव में कथित वोट चोरी और अनियमितताओं के जरिए लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर किया जा रहा है।
पत्रकारों ने बातचीत के दौरान तेजस्वी यादव ने कहा कि विपक्ष ने सबसे पहले बिहार से विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के खिलाफ आवाज उठाई थी। विपक्ष ने पहले भी चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाया था। चुनाव में कथित तौर पर वोटों की चोरी कराई गई और फर्जी चुनाव कराया गया। लोकतंत्र पर लगातार हमले हो रहे हैं और उसे कमजोर करने की कोशिश की जा रही है। ऐसे हालात में विपक्ष के लिए चुप रहना संभव नहीं है।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि देश में निष्पक्ष चुनाव होना चाहिए। लोकतंत्र और संविधान की रक्षा जरूरी है। इन उद्देश्यों के लिए जो भी कुर्बानी देनी पड़ेगी, विपक्ष उसके लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए हम हर कुर्बानी देने के लिए तैयार है। इसी क्रम में उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार से पद छोड़ने की मांग की।
दिल्ली में विरोध-प्रदर्शन को देखते हुए किए गए सुरक्षा इंतजामों पर भी तेजस्वी यादव ने टिप्पणी की। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में पुलिसकर्मियों और सुरक्षा बलों की तैनाती के बावजूद आरएसएस से जुड़े लोगों को भी लगाया गया है। उन्होंने इन लोगों पर गुंडागर्दी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि देशभर में लोग कथित गुंडागर्दी देख रहे हैं और ऐसे लोग ज्यादा दिनों तक नहीं टिकेंगे।
--आईएएनएस
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