अलविदा 'नट सम्राट' : नाना पाटेकर को याद कर छलका सुभाष घई से लेकर सोनू सूद समेत सितारों का दर्द
मुंबई, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। अभिनेता नाना पाटेकर के निधन की खबर सामने आने के बाद फिल्मी कलाकारों ने उन्हें भावुक श्रद्धांजलि दी और याद किया। किसी ने उन्हें सच्चा दोस्त बताया, तो किसी ने उनके साथ हुई आखिरी बातचीत को याद किया।
फिल्मकार सुभाष घई ने नाना को अलविदा कहते हुए अपने पोस्ट में लिखा, ''मराठी और हिंदी सिनेमा के साथ रंगमंच भी उन्हें हमेशा याद रखेगा। वह पर्दे के असली 'नट सम्राट' थे। उनके कई अलग-अलग पहलू थे। वे ऐसे दोस्त थे, जिनके रिश्ते में किसी तरह का स्वार्थ या लेन-देन नहीं था। वे अपने आप के प्रति बेहद ईमानदार इंसान थे। वे घर पर मां की तरह शानदार खाना बनाते थे। उनका हंसमुख स्वभाव और सोचने का अंदाज बिल्कुल अलग था। वे एक अनोखे दार्शनिक और समाज की मदद करने वाले व्यक्ति थे।''
अभिनेता संजय दत्त ने भी नाना पाटेकर के निधन पर गहरा दुख जताया। उन्होंने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा, "अब भी यह विश्वास करना मुश्किल है कि नाना हमारे बीच नहीं हैं। मेरे पास उनके साथ बिताए समय की कई अच्छी यादें हैं। मैं इन यादों को हमेशा अपने दिल के करीब रखूंगा। उनका जाना सिर्फ उनके करीबियों और चाहने वाले लोगों के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे फिल्म जगत के लिए बहुत बड़ी क्षति है। वह शानदार अभिनेता, महान कलाकार और बेहद खास इंसान थे। मेरी उनके परिवार और करीबियों के प्रति संवेदना है। उनका जाना ऐसी कमी छोड़ गया है जिसे भर पाना आसान नहीं होगा।"
अभिनेता राज बब्बर ने नाना को याद करते हुए एक्स पोस्ट में लिखा, ''बागी हमेशा के लिए चला गया। उनको याद करने से सिनेमा में साथ बिताए सालों की अनगिनत यादें ताजा हो जाती हैं। मुझे 'आज की आवाज' फिल्म साफ-साफ याद है, जिसे नाना के हिंदी सिनेमा में शुरुआती बड़े मौकों में से एक माना जाता है। इसी फिल्म के दौरान हमने पहली बार साथ काम किया था। इसके बाद हम दोनों ने सिनेमा के सफर में कई खुशियां और मुश्किलें साथ देखीं।''
राज बब्बर ने आगे लिखा, ''नाना सिर्फ बेहतरीन अभिनेता नहीं थे, बल्कि बेहद संवेदनशील इंसान भी थे। उनका अभिनय, उनकी तीव्रता और रचनात्मक ईमानदारी उनके जीने का तरीका था। वह उन सामाजिक मुद्दों को लेकर भी लगातार गंभीर रहे, जिनसे उनका जुड़ाव था। उनके भीतर एक गर्मजोशी भरा दिल था और इंसानी भावनाओं को समझने की गहरी क्षमता थी। नाना से मैंने हाल ही में बात की थी और उस समय वह काफी खुश नजर आए थे। एक महान अभिनेता के साथ-साथ एक अच्छे इंसान के तौर पर भी उनकी कमी हमेशा महसूस होगी।''
संगीतकार ए. आर. रहमान ने भी नाना के निधन पर दुख जताया। उन्होंने कहा, ''नाना पाटेकर के जाने की खबर से मैं बेहद दुखी हूं। नाना के परिवार और करीबियों के प्रति मेरी संवेदनाएं। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दें।''
अभिनेता सोनू सूद ने नाना के साथ हुई अपनी हालिया बातचीत को याद किया। उन्होंने कहा, ''कुछ ही दिन पहले मेरी नाना से बात हुई थी और मैं उन्हें अपने फिल्म के काम में शामिल करने को लेकर उत्साहित था। मैंने कभी नहीं सोचा था कि वह हमारी आखिरी बातचीत बन जाएगी। नाना का निधन फिल्म जगत के लिए अपूरणीय क्षति है, जिसे स्वीकार करने में समय लगेगा। वह हमेशा याद आएंगे और उम्मीद है कि जहां भी वह हैं, वहां भी लोगों का मनोरंजन उसी तरह कर रहे होंगे, जैसे उन्होंने यहां सभी का किया।''
गायक सोनू निगम ने भी नाना को याद करते हुए लिखा, ''भले ही हमारी मुलाकात ज्यादा नहीं हुई, लेकिन महान गायक मोहम्मद रफी के प्रति हमारा साझा प्रेम हमें एक-दूसरे के करीब रखता था। मुझे अफसोस है कि मैं आपके हाथ का बनाया खाना खाने और मेहमाननवाजी का आनंद नहीं ले सका। इस जन्म में यह मौका नहीं मिल पाया, लेकिन शायद किसी और सफर में फिर मुलाकात होगी।''
अभिनेता रणदीप हुड्डा ने नाना को याद करते हुए कहा, ''जब मैंने पहली बार 'परिंदा' में उन्हें देखा था, तो मुझे ऐसा नहीं लगा कि मैं किसी अभिनेता को देख रहा हूं। मुझे लगा कि पर्दे पर कोई असली इंसान मौजूद है। बाद में जब मैं नाना से मिला, तब भी मेरी यही सोच बनी रही। नाना ऐसे इंसान थे, जो अपने दिल की बात खुलकर रखते थे और दिखावे से दूर रहते थे। वह ईमानदार, निडर और हमेशा अपने सिद्धांतों पर चलने वाले इंसान थे। नाना का अभिनय ऐसा था, जो सामने वाले को अपनी ओर खींच लेता था। उनके व्यक्तित्व में एक अलग तरह की ताकत थी और प्रतिभा की कोई कमी नहीं थी।''
--आईएएनएस
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