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संसदीय प्रक्रियाओं को समझने के लिए नए सांसदों का होगा ओरिएंटेशन

नई दिल्ली, 24 जुलाई (आईएएनएस)। राज्यसभा के नवनिर्वाचित सदस्यों को संसदीय कार्यप्रणाली, नियमों और परंपराओं की व्यापक जानकारी दी जाएगी। इस उद्देश्य से संसद भवन परिसर में 25 और 26 जुलाई को दो दिवसीय ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन ने शुक्रवार को सदन की कार्यवाही के दौरान इसकी घोषणा करते हुए सभी सदस्यों से इस कार्यक्रम का पूरा लाभ उठाने का आग्रह किया।
 

नई दिल्ली, 24 जुलाई (आईएएनएस)। राज्यसभा के नवनिर्वाचित सदस्यों को संसदीय कार्यप्रणाली, नियमों और परंपराओं की व्यापक जानकारी दी जाएगी। इस उद्देश्य से संसद भवन परिसर में 25 और 26 जुलाई को दो दिवसीय ओरिएंटेशन कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। राज्यसभा के सभापति सी.पी. राधाकृष्णन ने शुक्रवार को सदन की कार्यवाही के दौरान इसकी घोषणा करते हुए सभी सदस्यों से इस कार्यक्रम का पूरा लाभ उठाने का आग्रह किया।

सभापति ने कहा कि 25 और 26 जुलाई 2026, यानी शनिवार और रविवार को आयोजित होने वाला यह ओरिएंटेशन कार्यक्रम विशेष रूप से हाल ही में निर्वाचित होकर राज्यसभा पहुंचे सदस्यों के लिए तैयार किया गया है। इसका उद्देश्य उन्हें सदन की कार्यप्रणाली, संसदीय नियमों, प्रक्रियाओं और वर्षों से विकसित संसदीय परंपराओं से परिचित कराना है, ताकि वे अपनी संसदीय जिम्मेदारियों का प्रभावी ढंग से निर्वहन कर सकें।

उन्होंने कहा कि संसद में किसी सदस्य की भूमिका केवल सदन में उपस्थित रहने तक सीमित नहीं होती, बल्कि विभिन्न संसदीय प्रक्रियाओं और उपलब्ध संसदीय साधनों का प्रभावी उपयोग करके जनता के मुद्दों को उठाना और जवाबदेह बनाना भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए इस कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार की गई है। सभापति ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान नवनिर्वाचित सदस्यों को सदन की कार्यवाही संचालित होने की प्रक्रिया, नियमों के अंतर्गत उपलब्ध संसदीय उपायों, विभिन्न प्रकार की सूचनाओं, प्रश्नों, विशेष उल्लेख, अल्पकालिक चर्चा, विधायी कार्यों में भागीदारी तथा संसदीय समितियों की भूमिका सहित अनेक विषयों की जानकारी दी जाएगी।

इसके अलावा उन्हें सदन की परंपराओं और संसदीय मर्यादाओं से भी अवगत कराया जाएगा। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह कार्यक्रम नवनिर्वाचित सदस्यों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि इस ओरिएंटेशन से सदस्यों को सदन की कार्यप्रणाली को बेहतर ढंग से समझने, संसदीय प्रक्रियाओं का प्रभावी उपयोग करने और अपनी जिम्मेदारियों का अधिक दक्षता के साथ निर्वहन करने में सहायता मिलेगी।

सभापति ने सभी सदस्यों से आग्रह किया कि वे इस कार्यक्रम में सक्रिय रूप से भाग लें और इससे मिलने वाली उपयोगी जानकारी एवं अनुभवों का पूरा लाभ उठाएं। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम सदन की कार्यप्रणाली को समझने और संसदीय दायित्वों के बेहतर निर्वहन की दिशा में महत्वपूर्ण अवसर प्रदान करेगा।

--आईएएनएस

जीसीबी/पीएम