संसद में 24 घंटे चर्चा का प्रस्ताव: भाजपा सांसद नरेश बंसल बोले- सरकार तैयार, विपक्ष कर रहा बाधित
नई दिल्ली, 12 अगस्त (आईएएनएस)। संसद के मौजूदा सत्र में जारी गतिरोध के बीच केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की ओर से 24 घंटे लगातार चर्चा के प्रस्ताव पर भाजपा सांसद नरेश बंसल ने विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि सरकार सदन में हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है, लेकिन विपक्ष संसद की कार्यवाही को बाधित कर रहा है। इसके साथ ही उन्होंने झारखंड में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन और स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर लाल किले से पहली बार 'वंदे मातरम' के गायन पर भी प्रतिक्रिया दी।
अमित शाह के उस प्रस्ताव का जिक्र करते हुए, जिसमें सदन में 24 घंटे चर्चा कराने की बात कही गई है, नरेश बंसल ने कहा कि विपक्ष ने पूरे सत्र को बाधित करने का काम किया है। संसद में जनता से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होनी थी, लेकिन हंगामे के कारण न तो प्रश्नकाल ठीक से चल सका और न ही शून्यकाल। प्रश्नकाल विपक्ष के लिए सरकार को घेरने और मंत्रियों से सवाल पूछने का महत्वपूर्ण माध्यम होता है। इसी के जरिए जनता के हित से जुड़े मुद्दे सदन में उठाए जाते हैं। इसके बावजूद विपक्ष ने संसद की कार्यवाही को आगे नहीं बढ़ने दिया।
नरेश बंसल ने कहा कि विपक्ष पहले गृह मंत्री अमित शाह के सदन में आने और चर्चा में शामिल होने की मांग कर रहा था। उन्होंने दावा किया कि अमित शाह सदन में नियमित रूप से मौजूद रहते हैं और उन्होंने स्वयं प्रस्ताव दिया है कि दोपहर 3 बजे से अगले दिन दोपहर 3 बजे तक लगातार चर्चा कर ली जाए। उन्होंने कहा कि गृह मंत्री ने यह भी स्पष्ट किया है कि वह पूरी अवधि सदन में मौजूद रहेंगे, सभी सांसदों की बात सुनेंगे, उनके बिंदुओं को नोट करेंगे और प्रत्येक मुद्दे का जवाब देंगे। भाजपा सांसद ने सवाल किया कि इससे अधिक स्पष्टता और क्या हो सकती है।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए नरेश बंसल ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी का उद्देश्य संसद में चर्चा करना नहीं बल्कि हंगामा खड़ा करना है। राहुल गांधी को लोकतांत्रिक संस्थाओं पर भरोसा नहीं है। चुनाव आयोग, सुप्रीम कोर्ट और संसद सहित विभिन्न संस्थाओं को लेकर कांग्रेस नेता के रुख पर सवाल उठाते हुए भाजपा सांसद ने आरोप लगाया कि विपक्ष लगातार संस्थाओं पर सवाल उठाकर केवल राजनीतिक टकराव बढ़ाना चाहता है। उन्होंने दावा किया कि संसद के अंदर हंगामा और बाहर अराजकता की स्थिति पैदा करना विपक्ष की रणनीति बन गई है।
झारखंड में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन को लेकर भी नरेश बंसल ने कांग्रेस पर दोहरे रवैये का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विपक्ष दिल्ली के जंतर-मंतर से जुड़े मुद्दों को ज्यादा महत्व देता है, लेकिन दूसरे राज्यों में छात्रों के साथ होने वाली घटनाओं पर उसी तरह प्रतिक्रिया नहीं देता। उन्होंने कर्नाटक में कथित पेपर लीक और झारखंड में छात्रों के विरोध-प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि वहां पुलिस कार्रवाई में लाठीचार्ज और आंसू गैस का इस्तेमाल किया गया।
भाजपा सांसद ने दावा किया कि झारखंड में छात्रों पर एक बार नहीं बल्कि कई बार लाठीचार्ज किया गया और कुछ छात्र घायल होकर अस्पताल पहुंचे। उन्होंने कहा कि छात्रों के आंदोलन के बीच झारखंड बंद भी किया गया और विरोध-प्रदर्शन जारी रहा। विपक्ष की जिम्मेदारी है कि वह देश के किसी भी हिस्से में होने वाली घटना को उठाए। राजनीतिक दलों को अपनी सुविधा के अनुसार चुनिंदा घटनाओं को ही मुद्दा नहीं बनाना चाहिए।
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान लाल किले पर पहली बार 'वंदे मातरम' गाये जाने के फैसले को नरेश बंसल ने देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता की भावना से जोड़ते हुए इसका स्वागत किया। उन्होंने कहा कि 'वंदे मातरम' देश के स्वतंत्रता संग्राम और राष्ट्रीय भावना से जुड़ा महत्वपूर्ण गीत है। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर इसके बजने से देशवासियों में राष्ट्र के प्रति गौरव और समर्पण की भावना और मजबूत होगी। 'हर घर तिरंगा' अभियान का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि जब देश के घर-घर में तिरंगा फहराया जाता है तो इससे राष्ट्रीय ध्वज के प्रति सम्मान और गौरव की भावना पैदा होती है।
नरेश बंसल ने आगे कहा कि देश की आने वाली पीढ़ियों में राष्ट्र के प्रति समर्पण और जिम्मेदारी की भावना मजबूत होना जरूरी है। उन्होंने कहा कि युवा देश को आगे ले जाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। भाजपा सांसद ने भारत के विकास का लक्ष्य 2047 से जोड़ते हुए कहा कि देश को आजादी के 100 वर्ष पूरे होने तक विकसित देशों की श्रेणी में खड़ा करने का लक्ष्य है। राष्ट्रीय प्रतीकों और देशभक्ति की भावना युवाओं को राष्ट्र निर्माण से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
--आईएएनएस
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