समस्तीपुर घटना पर पक्ष-विपक्ष आमने-सामने, सरकार ने सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया
नई दिल्ली, 24 सितंबर (आईएएनएस)। बिहार के जमुई में नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ की घटना के बाद अब समस्तीपुर में भी एक युवती के साथ कथित बदसलूकी का मामला सामने आया है। इस घटना के बाद बिहार में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। विपक्ष ने कानून व्यवस्था और महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सरकार पर सवाल उठाए हैं, जबकि सत्ता पक्ष के नेताओं ने घटनाओं की निंदा करते हुए कहा कि अपराधियों को बख्शा नहीं जाएगा।
कांग्रेस नेता शकील अहमद खान ने कानून व्यवस्था को लेकर सरकार पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि राज्य में लूट, हत्या, दुष्कर्म, मारपीट और दंगा-फसाद जैसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। अपराधियों में कानून का डर कम हो गया है और बिहार में कानून-व्यवस्था की स्थिति चिंताजनक है। जमुई के बाद समस्तीपुर और फिर दरभंगा से युवती के साथ छेड़खानी की घटना सामने आई है।
पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी के भाई साधु यादव ने कहा कि कोई भी सरकार हर घटना या हादसे को पूरी तरह रोक नहीं सकती, लेकिन घटनाओं को नियंत्रित करना सरकार की जिम्मेदारी है।
मंत्री संजय सिंह ने कहा कि सरकार ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कार्रवाई करेगी। महिलाओं और बेटियों के खिलाफ इस तरह की हरकत करने वालों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए। जमुई मामले में जिस तरह पुलिस ने कार्रवाई की, उसी तरह अन्य मामलों में भी दोषियों के खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे।
मंत्री अशोक चौधरी ने महिलाओं से जुड़ी घटनाओं को दुखद बताया। उन्होंने कहा कि सामाजिक और राजनीतिक जीवन में संवेदनशील लोगों के लिए ऐसी घटनाएं चिंता का विषय हैं। जनता ने सरकार को जिम्मेदारी दी है और सरकार उस जिम्मेदारी का निर्वहन कर रही है। मुख्यमंत्री ने जमुई की घटना में कार्रवाई की है और समस्तीपुर की घटना में भी पुलिस ने तेजी से कदम उठाया है। दोषियों को किसी भी स्थिति में छोड़ा नहीं जाएगा, चाहे वे किसी भी दल से जुड़े हों या उनका कितना भी प्रभाव क्यों न हो।
केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने जमुई और समस्तीपुर में सामने आई घटनाओं को चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि ऐसी घटनाओं को गंभीरता से लेने की जरूरत है। उन्होंने इस मुद्दे पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी से भी बात की है। यदि अधिकारियों की लापरवाही सामने आती है तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई होनी चाहिए, ताकि बिहार में कानून का राज मजबूत हो और नागरिक खुद को सुरक्षित महसूस कर सकें।
भाजपा विधायक रंजन कुमार ने महिलाओं से छेड़छाड़ की घटनाओं की निंदा करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं बेहद निंदनीय हैं। लोगों को अपनी मानसिकता बदलने की जरूरत है, खासकर युवाओं को। यदि ऐसी कोई घटना होती है तो उसका वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित करना भी गलत है। वीडियो बनाने के बजाय पीड़ित युवती की मदद करने पर ध्यान दिया जाना चाहिए। आजकल घटनाओं का वीडियो बनाना एक तरह का चलन बनता जा रहा है।
--आईएएनएस
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