राहुल गांधी भारतीय संस्कृति से अनजान, अब कॉमेडियन बनने की कर रहे कोशिश : सीएम धामी (आईएएनएस साक्षात्कार)
बनबसा, 4 अक्टूबर (आईएएनएस)। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी पर उनके इंदौर में आयोजित 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम को लेकर निशाना साधा। आईएएनएस से विशेष बातचीत में मुख्यमंत्री धामी ने विपक्ष के नेता को "युवराज" कहकर संबोधित किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस सांसद कॉमेडियन बन गए हैं।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि वह भारतीय संस्कृति और मूल्यों से अनजान हैं। राहुल गांधी के व्यवहार और संस्कारों में भारतीय संस्कृति की झलक दिखाई नहीं देती। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा एक बुजुर्ग महिला को कुर्सी देने की घटना का जिक्र करते हुए धामी ने कहा कि राहुल गांधी ने इसका मजाक उड़ाया।
धामी ने कहा कि राहुल गांधी अब नेता नहीं रहे। वे कॉमेडियन बनने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मंचों से राहुल गांधी का व्यवहार और उनकी भाषा कई बार बेहद निम्न स्तर की होती है।
राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल का जिक्र करते हुए धामी ने कहा कि वह पूरे देश का गौरव और उत्तराखंड के सपूत हैं। उन्होंने अपना पूरा जीवन भारत की आंतरिक और बाहरी सुरक्षा के लिए समर्पित किया है। अजीत डोभाल के खिलाफ जिस तरह की भाषा का इस्तेमाल किया जाता है, उसे उत्तराखंड ही नहीं, बल्कि पूरा देश स्वीकार नहीं करेगा।
उन्होंने कांग्रेस नेताओं द्वारा पूर्व सीडीएस जनरल बिपिन रावत के खिलाफ की गई टिप्पणियों का भी जिक्र किया और कहा कि जनरल रावत उत्तराखंड के गौरव थे। देश की सुरक्षा के लिए अपना जीवन समर्पित करने वाले सैन्य अधिकारियों और सुरक्षा से जुड़े लोगों का सम्मान किया जाना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हम लोग चुनाव में गए थे। यहां 2022 में हमने उत्तराखंड की जनता को वचन दिया था कि हम यूसीसी का कानून लाएंगे। उत्तराखंड की देवतुल्य जनता ने हमको आशीर्वाद दिया और हमने वह वचन पूरा किया। यूसीसी का ड्राफ्ट सारे स्टेक होल्डर्स से बातचीत करने के बाद बना है। हमें खुशी है कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में उत्तराखंड की जनता ने हमको आशीर्वाद दिया, जनादेश दिया और हमने वह काम किया और आज वह पूरे देश में आगे बढ़ रहा है।
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री ने महिला सशक्तीकरण पर कहा कि उत्तराखंड में ‘लखपति दीदी’ की संख्या 3.10 लाख से अधिक हो चुकी है। उन्होंने कहा कि राज्य की महिलाएं स्वरोजगार और उद्यमिता के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रही हैं। उनके द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों की मांग देश के साथ-साथ विदेशों में भी बढ़ रही है।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री सशक्त बहना उत्सव योजना, दीदीभुली योजना, महालक्ष्मी किट योजना और वीर चंद्र सिंह गढ़वाली योजना समेत विभिन्न योजनाओं के माध्यम से महिलाओं और युवाओं के लिए रोजगार तथा स्वरोजगार के अवसर बढ़े हैं।
--आईएएनएस
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