पुलिस ने चोरी करने वाले दो भाइयों को किया गिरफ्तार, तीन बाइक समेत लैपटॉप और मोबाइल बरामद
ग्रेटर नोएडा, 8 अक्टूबर (आईएएनएस)। ग्रेटर नोएडा के थाना सूरजपुर पुलिस ने चोरी की घटनाओं को अंजाम देने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे और निशानदेही से चोरी की तीन मोटरसाइकिल, दो लैपटॉप, एक मोबाइल फोन और दो अवैध चाकू बरामद किए हैं। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपी आपस में भाई हैं और मिलकर चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे।
पुलिस ने दोनों को मुबारकपुर कट की सर्विस रोड से गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, गुरुवार को थाना सूरजपुर पुलिस टीम लोकल इंटेलिजेंस और बीट पुलिसिंग की मदद से संदिग्धों की तलाश में जुटी थी। इसी दौरान सूचना के आधार पर मुबारकपुर कट की सर्विस रोड से दो संदिग्धों को हिरासत में लिया गया।
पूछताछ और जांच के दौरान उनकी पहचान सुमित (करीब 19 वर्ष) और जितेन्द्र (उम्र करीब 26 वर्ष) के रूप में हुई। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे और उनकी निशानदेही पर तीन चोरी की मोटरसाइकिल बरामद की हैं। इनमें सीटी-100 मोटरसाइकिल, स्प्लेंडर प्लस और सीडी डिलेक्स शामिल हैं।
इसके अलावा, आरोपियों के पास से चोरी के दो लैपटॉप, एक मोबाइल फोन और दो अवैध चाकू भी बरामद किए गए हैं। पुलिस के मुताबिक बरामद स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल के संबंध में थाना सूरजपुर में पहले से मुकदमा दर्ज है। वहीं अवैध हथियार बरामद होने के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है।
पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि दोनों भाई मिलकर चोरी करते हैं। उनके मुताबिक 22 सितंबर को दुर्गा गोलचक्कर के पास एक रैपिडो चालक की मोटरसाइकिल और एक मोबाइल फोन चोरी किया गया था। इसके बाद दोनों ने पोर्टर एप के माध्यम से ऑर्डर डिलीवर करने के लिए दिल्ली से दो लैपटॉप चोरी किए थे।
पुलिस अब आरोपियों से पूछताछ कर चोरी की अन्य घटनाओं और उनके नेटवर्क के बारे में जानकारी जुटा रही है। गिरफ्तार आरोपी सुमित मूल रूप से ग्राम अंडा, थाना कोंच, जनपद जालौन का रहने वाला है, जबकि वर्तमान में वह कस्बा और थाना सूरजपुर, गौतमबुद्धनगर में रह रहा था।
दूसरा आरोपी जितेन्द्र भी ग्राम अंडा, थाना कोंच, जनपद जालौन का मूल निवासी है और वर्तमान में सूरजपुर क्षेत्र में रहता है। पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में कार्रवाई शुरू कर दी है। बरामद तीनों मोटरसाइकिल, लैपटॉप और मोबाइल फोन के संबंध में पुलिस उनके वास्तविक मालिकों की जानकारी जुटा रही है। साथ ही यह भी पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि दोनों भाइयों ने अब तक कितनी चोरी की वारदातों को अंजाम दिया है और चोरी का सामान कहां खपाया जाता था।
--आईएएनएस
पीकेटी/एएसएच
