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जो पेपर लीक नहीं रोक पा रहे, वह देश क्या चलाएंगे: सांसद पप्पू यादव

नई दिल्ली, 16 मई (आईएएनएस)। बिहार के पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने रॉबर्ट वाड्रा की जमानत, पेट्रोल-डीजल की कीमतों में वृद्धि, नीट पेपर लीक मामले और चुनाव आयोग के उस बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त की, जिसमें कहा गया है कि एसआईआर के बाद मतदाता प्रतिशत और कुल वोटों में वृद्धि हुई है। पप्पू यादव ने कहा कि जो पेपर लीक नहीं रोक पा रहे हैं, वह देश क्या चलाएंगे?
 
जो पेपर लीक नहीं रोक पा रहे, वह देश क्या चलाएंगे: सांसद पप्पू यादव

नई दिल्ली, 16 मई (आईएएनएस)। बिहार के पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने रॉबर्ट वाड्रा की जमानत, पेट्रोल-डीजल की कीमतों में वृद्धि, नीट पेपर लीक मामले और चुनाव आयोग के उस बयान पर प्रतिक्रिया व्यक्त की, जिसमें कहा गया है कि एसआईआर के बाद मतदाता प्रतिशत और कुल वोटों में वृद्धि हुई है। पप्पू यादव ने कहा कि जो पेपर लीक नहीं रोक पा रहे हैं, वह देश क्या चलाएंगे?

नीट पेपर लीक पर सांसद ने कहा, "अब तक 123 बार लोगों को गिरफ्तार करने के बाद असल में क्या हुआ है? सीबीआई ने सात बार जांच की, सजाएं सुनाई गईं, लेकिन सिर्फ नाममात्र का जुर्माना और कागजों पर 10 साल की सजा। क्या आज तक किसी को सच में सजा मिली है? जेल से चला रहे हैं मुखिया जी बिहार।' वो जेल से मजे कर रहे हैं। जेल से प्रश्न पत्र लीक हो रहे हैं और वो जेल से ही चुनाव लड़ेंगे। जो 200-300 करोड़ रुपए कमाता है, उसे एक साल या पांच महीने जेल में बिताने की भी परवाह नहीं होती। उन्हें पता है कि आखिरकार उन्हें रिहा कर दिया जाएगा, चार्जशीट ठीक से दाखिल नहीं होगी, डायरी नहीं लिखी जाएगी, उन्हें सब पता है।

डेढ़ से दो करोड़ छात्रों का भविष्य दांव पर है। पिछली बार नीट परीक्षा रद्द क्यों नहीं की गई? क्योंकि नेताओं और अधिकारियों के बेटे-बेटियां इसमें शामिल थे। कितने छात्रों ने 720 में से 720 अंक प्राप्त किए?

पूर्णिया से सांसद पप्पू यादव ने कहा, जून में लोकसभा सत्र शुरू होने पर मैं एक संशोधन लाऊंगा, जिसमें ऐसे अपराधों में शामिल प्रत्येक व्यक्ति के लिए 30 साल की सजा का प्रस्ताव होगा और ऐसे कागजी रिसावों के कारण हुई पूरी वित्तीय लागत भी दोषियों से वसूल की जानी चाहिए।

2008 के जमीन सौदे से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में कारोबारी रॉबर्ट वाड्रा को दिल्ली की अदालत द्वारा जमानत दिए जाने पर पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव ने आईएएनएस से कहा, "न्याय की उम्मीद सिर्फ सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट में ही बची है। अगर कहीं 40-50 फीसदी न्याय मिलता भी है, तो वह सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट में ही है। हिटलर ने कहा था, जनता को प्रताड़ित करो और धर्म में फंसा दो और नफरत भर दो कि उसे लगे हमारी आजादी सिर्फ सांस लेने की है।' देश में आज यही स्थिति है।"

सांसद ने कहा, "रॉबर्ट वाड्रा एक बड़े कारोबारी हैं और यह कोई नई बात नहीं है। भाजपा वर्षों से 'फोरजी, टूजी, दामाद जी' के नारे लगा रही है लेकिन आज तक क्या मिला है? क्या सबूत सामने आए हैं? उन्हें लगातार परेशान किया गया है। प्रियंका गांधी को मानसिक रूप से प्रताड़ित किया गया है और उन्हें निशाना बनाया गया है ताकि वे नैतिक और मानसिक रूप से विचलित हो जाएं। उन्हें लगातार इस तरह के उत्पीड़न का सामना करना पड़ा है, लेकिन अंततः सच्चाई की जीत होती है।"

चुनाव आयोग ने कहा है कि पश्चिम बंगाल में एसआईआर प्रक्रिया के बाद न केवल मतदान प्रतिशत बल्कि वोटों की संख्या में भी वृद्धि हुई है। इस बयान पर सांसद पप्पू यादव ने कहा, "यह सरासर धोखाधड़ी है, यह पूरे आंकड़ों में हेराफेरी है। वास्तव में कितने लोग गांवों में रहते हैं? वे 92 फीसदी मतदान का दावा कर रहे हैं। अगर आप अभी जाकर गिनती भी कर लें, तो शायद 40-50 फीसदी ही मिलेगा। इसी तरह बिहार में भी चुनावों में हेराफेरी का आरोप लगा था और बंगाल में भी इसी तरह नतीजों में हेरफेर किया गया। एसआईआर के बाद मतदाता सूची से 5 लाख वोट काट दिए गए, तो 92 फीसदी मतदान कैसे हुआ? इससे देश में संदेह पैदा होगा। चुनाव आयोग देश को 'एक राष्ट्र, एक चुनाव' की ओर धकेल रहा है, स्थिति अच्छी नहीं है।"

--आईएएनएस

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