सीएम सुवेंदु अधिकारी ने हिंसा में मारे गए भाजपा कार्यकर्ताओं के परिवार को नौकरी और मुआवजा देने का ऐलान किया
कोलकाता, 7 जून (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल की सत्ता में आने से पहले सुवेंदु अधिकारी ने कहा था कि वह 2021 में राज्य में चुनाव के बाद हुई हिंसा में मारे गए भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ खड़े रहेंगे। मुख्यमंत्री पद की शपथ लेने के बाद उन्होंने मृतकों के परिवारों को नौकरी देने का वादा किया था। उन्होनें रविवार को न्यू टाउन कन्वेंशन सेंटर की मीटिंग में एक बड़ा ऐलान किया कि जून तक 315 मृतक पार्टी कार्यकर्ताओं के परिवार के एक सदस्य को अपॉइंटमेंट लेटर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बताया कि इसके साथ ही मुख्यमंत्री राहत कोष से 5 लाख रुपए का एकमुश्त पेमेंट किया जाएगा।
भाजपा ने साल 2021 के विधानसभा चुनाव के दौरान बंगाल में सत्ता में आने की पूरी कोशिश की थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने चुनाव प्रचार के लिए बार-बार राज्य का दौरा किया था और 200 सीटें जीतने का लक्ष्य रखा था। वह सपना अधूरा रह गया। 200 सीटों का आंकड़ा तो दूर, भाजपा 80 सीटों का आंकड़ा भी पार नहीं कर पाई। तृणमूल कांग्रेस पूरी बहुमत के साथ सत्ता में आई थी। चुनावी जीत के बाद तृणमूल ने पूरे राज्य में भाजपा कार्यकर्ताओं पर जुल्म की बाढ़ ला दी। कार्यकर्ताओं के घरों में तोड़फोड़ की गई, और आरोप है कि 321 भाजपा कार्यकर्ता मारे गए। इन घटनाओं को लेकर कानूनी लड़ाइयों का कोई खास नतीजा नहीं निकला।
2026 के विधानसभा चुनाव में बंगाल की जनता ने भाजपा को पूरा बहुमत दिया। नतीजतन, पीड़ितों और मृतकों के परिवारों को न्याय की उम्मीद थी, और अब नई भाजपा सरकार उन उम्मीदों को पूरा कर रही है।
राजनीतिक बदलाव के बाद सीएम सुवेंदु अधिकारी ने चुनाव प्रचार के दौरान फाल्टा का दौरा किया और घोषणा की कि वह चुनाव के बाद हुई हिंसा में मारे गए पार्टी कार्यकर्ताओं के परिवार के सदस्यों को सरकारी नौकरी देंगे।
उन्होंने उन लोगों को भी मदद का भरोसा दिया जिन पर हमला हुआ था। जाहिर है कि इस वादे ने मृतकों के परिवारों को उम्मीद की एक किरण दिखाई, हालांकि नौकरी मिलने की टाइमलाइन को लेकर शक बना रहा।
अब सुवेंदु ने एक बड़ा ऐलान किया है कि हर मृतक के परिवार के एक सदस्य को इसी महीने अपॉइंटमेंट लेटर दे दिए जाएंगे। इसके अलावा 5 लाख रुपए की एक बार की आर्थिक मदद भी दी जाएगी। सुवेंदु अधिकारी के इस ऐलान से मृतकों के परिवारों को राहत मिली है।
--आईएएनएस
डीकेएम/डीकेपी
