महाराष्ट्र: शायना एनसी के नाम पर लाखों की साइबर ठगी, पुलिस ने वसूले 3.15 लाख रुपए
मुंबई, 30 अक्टूबर (आईएएनएस)। शिवसेना की राष्ट्रीय सचिव और प्रवक्ता शायना एनसी के मोबाइल हैक होने के बाद हुई 4.90 लाख रुपए की साइबर ठगी के मामले में गावदेवी पुलिस ने बड़ी कामयाबी हासिल की है। शायना एनसी के लगातार फॉलोअप के बाद पुलिस ने अंतरराज्यीय कार्रवाई कर 3.15 लाख रुपए पीड़ितों को वापस दिलाए हैं।
16 जुलाई को साइबर अपराधियों ने शायना एनसी का मोबाइल हैक कर लिया। उनकी कॉन्टैक्ट लिस्ट में मौजूद लोगों को शायना के नाम से मैसेज भेजा गया। मैसेज में इमरजेंसी बताकर 49,000 रुपए की मांग की गई और दो घंटे में वापस करने का वादा किया गया। झांसे में आकर 9 लोगों ने कुछ ही घंटों में 4.90 लाख रुपए ठगों के खाते में ट्रांसफर कर दिए।
मोबाइल हैक का पता चलते ही शायना एनसी ने गावदेवी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई। लेकिन वह यहीं नहीं रुकीं। पिछले तीन महीने से ज्यादा समय तक उन्होंने वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक प्रशांत मोहिते, वरिष्ठ निरीक्षक प्रवीणकुमार साळुंखे और उपनिरीक्षक वीरेंद्र सिंह खंडाडे से लगातार संपर्क बनाए रखा और पीड़ितों का पैसा वापस दिलाने के लिए दबाव बनाया।
उपनिरीक्षक वीरेंद्र सिंह खंडाडे की टीम ने जांच शुरू की। टीम पहले महाराष्ट्र के भंडारा जिले पहुंची और वहां से 1.68 लाख रुपए नकद बरामद किए। इसके बाद बिहार में कार्रवाई कर 98,000 रुपए जब्त किए गए।
वहीं, पीड़ित पंकज जैन ने समय रहते बैंक को सूचना दे दी थी, जिससे उनके 49,000 रुपए बैंक ने फ्रीज कर दिए थे और बाद में उन्हें वापस मिल गए। इस तरह कुल 3.15 लाख रुपए पीड़ितों को लौटाए गए हैं। पुलिस के मुताबिक बाकी 67,000 रुपए आरोपी नकद निकाल चुके हैं, जिसे वसूलने के प्रयास जारी हैं।
शायना एनसी ने नागरिकों से अपील की है कि किसी के नाम से पैसे मांगने का मैसेज आए तो पहले फोन करके पुष्टि करें। अनजान लिंक पर क्लिक न करें और ठगी होने पर तुरंत नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं। तुरंत शिकायत करने से पैसा फ्रीज होने की संभावना बढ़ जाती है।
--आईएएनएस
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