Aapka Rajasthan

मधुबनी में मॉब लिंचिंग पर राज्य अल्पसंख्यक आयोग सख्त, डीएम और एसपी को पत्र लिखकर कार्रवाई करने का आदेश

पटना, 3 जनवरी (आईएएनएस)। बिहार के मधुबनी में मुस्लिम मजदूर की मॉब लिंचिंग पर राज्य अल्पसंख्यक आयोग सख्त हो गया है। आयोग ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर कार्रवाई करने को कहा है।
 
मधुबनी में मॉब लिंचिंग पर राज्य अल्पसंख्यक आयोग सख्त, डीएम और एसपी को पत्र लिखकर कार्रवाई करने का आदेश

पटना, 3 जनवरी (आईएएनएस)। बिहार के मधुबनी में मुस्लिम मजदूर की मॉब लिंचिंग पर राज्य अल्पसंख्यक आयोग सख्त हो गया है। आयोग ने जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को पत्र लिखकर कार्रवाई करने को कहा है।

अयोग ने पत्र में लिखा, "मधुबनी जिला के राजनगर थाना अंतर्गत टीचका गांव में एक मुस्लिम मजदूर को कथित तौर पर बांग्लादेशी बताकर मॉब लिंचिंग की घटना को अंजाम देने वाले अपराधियों को अविलम्ब गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।"

उन्होंने कहा कि मॉब लिंचिंग कांड में संलिप्त सभी दोषियों के विरुद्ध सुसंगत धाराओं के अंतर्गत प्राथमिकी दर्ज कर उनकी अविलम्ब गिरफ्तारी की जाए तथा सर्वोच्च न्यायालय के दिशा-निर्देश के आलोक में उनके विरुद्ध कठोरात्मक कार्रवाई की जाय एवं बिहार सरकार के परिपत्र के आलोक में पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता पहुंचाया जाए।

बिहार के मधुबनी में कुछ कट्टरपंथियों ने एक मजदूर नूरशेद आलम को बांग्लादेशी बोलकर बेरहमी से पिटाई की, जिससे वह घायल हो गया। इस मामले पर राजनगर थाना पुलिस ने पीड़ित की शिकायत पर एफआईआर दर्ज की है, हालांकि हमला करने वाले अब तक फरार हैं।

नूरशेद आलम पर हुए जानलेवा हमले से जुड़ी वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल है, जिसमें भीड़ के बीच में जमीन पर लहूलुहान मजदूर नूरशेद आलम गिरा हुआ है। एक युवक बार-बार नूरशेद के मुंह पर घूंसे मार रहा है और भीड़ में लोग बांग्लादेशी-बांग्लादेशी बोल रहे हैं।

वीडियो वायरल होने के बाद मधुबनी पुलिस ने बयान जारी किया था। बयान में कहा है, "राजनगर थाना क्षेत्र अन्तर्गत मारपीट की घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया के माध्यम से संज्ञान में आया है, जिसमें कुछ व्यक्तियों द्वारा बांग्लादेशी बताकर 1 व्यक्ति को पीटा गया। चकदह गांव में यह घटना 30 दिसंबर 2025 को हुई। जांच में पता चला है कि पीड़ित व्यक्ति बांग्लादेश का नहीं, बल्कि सुपौल जिले का रहने वाला है तथा फेरी का काम करता है। घटना को पुलिस अधीक्षक ने गंभीरता से लिया है और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सदर-02 के नेतृत्व में आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए एक टीम का गठन किया है।"

--आईएएनएस

एसएके/वीसी