कोलकाता के होटल में आग लगने से 9 की मौत, भाजपा नेता ने फायर सेफ्टी पर उठाए सवाल
कोलकाता, 19 अगस्त (आईएएनएस)। कोलकाता के शिखा इन होटल में लगी भीषण आग की घटना में नौ लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग घायल हुए हैं। राहत और बचाव अभियान के दौरान करीब 80 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी का माहौल रहा और प्रशासन की ओर से राहत एवं बचाव कार्य चलाया गया। घटना को लेकर भाजपा नेता भोला सोनकर ने होटल और आसपास के भवनों में सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि यह इलाका वार्ड नंबर 52 के मिर्जा गालिब स्ट्रीट में आता है, जहां एक ही इमारत में सिर्फ एक गेस्ट हाउस नहीं, बल्कि कई मंजिलों पर अलग-अलग गेस्ट हाउस संचालित किए जा रहे हैं।
भोला सोनकर ने कहा कि आसपास के कई मकानों में भी इसी तरह अलग-अलग मंजिलों पर गेस्ट हाउस चल रहे हैं। इन जगहों पर पर्याप्त फायर फाइटिंग और फायर सेफ्टी की व्यवस्था नहीं है। उन्होंने दावा किया कि यहां बड़ी संख्या में बांग्लादेश से इलाज और स्वास्थ्य संबंधी जरूरतों के लिए आने वाले लोग ठहरते हैं।
भाजपा नेता ने कहा कि कई जगहों पर रहने वाले लोगों के दस्तावेजों और सुरक्षा इंतजामों को लेकर भी सवाल खड़े होते हैं। होटल और गेस्ट हाउस संचालकों के लिए सुरक्षा मानकों का पालन करना जरूरी है, ताकि किसी आपात स्थिति में लोगों की जान बचाई जा सके। मंत्री अग्निमित्रा पॉल ने घटना को गंभीरता से लेते हुए ऐसे होटलों और गेस्ट हाउसों को चिन्हित करने तथा उनके खिलाफ कार्रवाई की बात कही है, जहां आवश्यक सुरक्षा मानकों का पालन नहीं किया जा रहा है। ऐसे प्रतिष्ठानों की जांच होनी चाहिए और यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि वहां फायर सेफ्टी समेत सभी जरूरी व्यवस्थाएं मौजूद हों।
घटना में हुई मौतों पर दुख जताते हुए उन्होंने कहा कि किसी भी जाति या धर्म के व्यक्ति की जान जाना बेहद दुखद है। प्राथमिकता यह होनी चाहिए कि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जाए और लोगों की जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए। सोनकर ने पिछली सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि पिछले कई दशकों में इस तरह की जगहों पर सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि अलग-अलग समय में सत्ता में रही सरकारों ने अपने राजनीतिक और अन्य हितों पर ध्यान दिया, जबकि जनता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
उन्होंने कहा कि मौजूदा घटना के बाद सरकार और संबंधित मंत्री स्तर पर मामले का संज्ञान लिया गया है। कई नेताओं ने घटनास्थल का दौरा किया और स्थिति का जायजा लिया। घटना की जांच की जाएगी और यह पता लगाने की कोशिश होगी कि आग लगने के पीछे क्या कारण था तथा सुरक्षा व्यवस्था में कहां चूक हुई। जांच के आधार पर जिम्मेदारी तय करने के साथ-साथ ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाने चाहिए।
--आईएएनएस
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