Aapka Rajasthan

कर्नाटक के परिवहन कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू, सेवाओं पर पड़ेगा असर

बेंगलुरु, 21 अप्रैल (आईएएनएस)। भारतीय जनता पार्टी की कर्नाटक इकाई ने मंगलवार को कांग्रेस के नेतृत्व वाली राज्य सरकार से परिवहन कर्मचारियों की हड़ताल को गंभीरता से लेने और तुरंत बातचीत शुरू करने की मांग की।
 
कर्नाटक के परिवहन कर्मचारियों की अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू, सेवाओं पर पड़ेगा असर

बेंगलुरु, 21 अप्रैल (आईएएनएस)। भारतीय जनता पार्टी की कर्नाटक इकाई ने मंगलवार को कांग्रेस के नेतृत्व वाली राज्य सरकार से परिवहन कर्मचारियों की हड़ताल को गंभीरता से लेने और तुरंत बातचीत शुरू करने की मांग की।

पार्टी ने कहा कि सरकार को अपना सख्त रवैया छोड़कर समाधान निकालना चाहिए, ताकि आम जनता को परेशानी न हो। परिवहन कर्मचारियों ने मंगलवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है, जिससे सार्वजनिक परिवहन सेवाओं पर असर पड़ने की आशंका है।

कर्नाटक बीजेपी के अध्यक्ष और विधायक बी.वाई. विजयेंद्र ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रशासन कई मामलों में विफल रहा है, जिसका खामियाजा आम लोगों को भुगतना पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार जरूरी मुद्दों को सुलझाने में असफल रही है, जिससे लोगों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं और फिलहाल राहत मिलने के आसार भी नजर नहीं आ रहे हैं।

विजयेंद्र ने हाल ही में बिजली दरों में हुई बढ़ोतरी का भी जिक्र किया और कहा कि इससे पहले ही जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ चुका है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर परिवहन कर्मचारियों की मांगों को समय पर नहीं माना गया, तो स्थिति और बिगड़ सकती है और लोगों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ सकता है।

उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कर्मचारियों की मांगों को टाल रही है। खासतौर पर 2024 के वेतन संशोधन को 2026 तक आगे बढ़ाने के फैसले को लेकर उन्होंने नाराजगी जताई। उनके मुताबिक, कर्मचारियों की अनदेखी के कारण ही आज यह स्थिति पैदा हुई है।

सरकार की गारंटी योजनाओं पर सवाल उठाते हुए विजयेंद्र ने कहा कि एक तरफ कांग्रेस मुफ्त बस यात्रा जैसी योजनाओं का प्रचार करती है, लेकिन दूसरी ओर परिवहन व्यवस्था को मजबूत और व्यवस्थित बनाने में नाकाम रही है। उन्होंने इसे सरकार की बड़ी चूक बताया।

उन्होंने कहा कि यदि परिवहन सेवाएं बाधित होती हैं, तो इसका सीधा असर छात्रों, नौकरीपेशा लोगों और रोजाना सफर करने वाले यात्रियों पर पड़ेगा। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसी स्थिति के लिए राज्य सरकार जिम्मेदार होगी।

राज्य सरकार पर जनता की भलाई से ऊपर राजनीति को प्राथमिकता देने का आरोप लगाते हुए बी.वाई. विजयेंद्र ने कहा कि सरकार ने समस्याओं को हल करने के बजाय उन्हें टालने की आदत बना ली है। जो सरकार गंभीर मुद्दों को सुलझाने में सक्षम नहीं है, उसे शासन करने का नैतिक अधिकार नहीं है। उनके अनुसार, राज्य में बढ़ती समस्याएं और सरकार की निष्क्रियता आम लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रही हैं।

इसी बीच, परिवहन कर्मचारियों ने वेतन संशोधन में देरी के विरोध में मंगलवार से बेंगलुरु के फ्रीडम पार्क में अनिश्चितकालीन प्रदर्शन शुरू करने की घोषणा की है। ये कर्मचारी लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं।

कर्मचारियों की प्रमुख मांगों में अन्य सरकारी कर्मचारियों के बराबर वेतन, लंबित बकाया राशि का भुगतान और उनके यूनियनों को आधिकारिक मान्यता देना शामिल है। उनका कहना है कि उनकी मांगों को लगातार नजरअंदाज किया जा रहा है, जिससे वे हड़ताल करने को मजबूर हुए हैं।

यह विरोध प्रदर्शन कर्नाटक राज्य सड़क परिवहन निगमों के चारों निगमों के कर्मचारियों का प्रतिनिधित्व करने वाले यूनियनों के एक महासंघ द्वारा आयोजित किया गया है। यूनियनों का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस निर्णय नहीं लिया जाता, तब तक आंदोलन जारी रहेगा।

इसी क्रम में कर्मचारियों ने शहर में अनिश्चितकालीन सत्याग्रह शुरू करने का भी निर्णय लिया है। उनका कहना है कि यह आंदोलन शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात सरकार तक पहुंचाने के लिए किया जा रहा है।

--आईएएनएस

पीएम