कांवड़ यात्रा से पहले यूपी से दिल्ली तक प्रशासन अलर्ट, सुरक्षा, ट्रैफिक और सोशल मीडिया निगरानी के कड़े इंतजाम
नई दिल्ली, 16 जुलाई (आईएएनएस)। श्रावण मास और कांवड़ यात्रा को लेकर उत्तर प्रदेश से लेकर राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली तक प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुचारु यातायात व्यवस्था, कानून-व्यवस्था बनाए रखने, संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने और सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर सख्त कार्रवाई को लेकर व्यापक तैयारियां की जा रही हैं।
विभिन्न जिलों में प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने बैठक कर संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं, ताकि यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना न हो और श्रद्धालुओं के साथ-साथ आम नागरिकों को भी किसी तरह की असुविधा का सामना न करना पड़े।
इस साल कांवड़ यात्रा 30 जुलाई से 28 अगस्त तक चलेगी।
उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले की जिला मजिस्ट्रेट कृतिका ज्योत्स्ना ने बताया कि कांवड़ यात्रा की तैयारियों को लेकर संबंधित अधिकारियों के साथ विस्तृत बैठक की गई है। बैठक में यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था, आवश्यक सुविधाओं और प्रशासनिक तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश जारी कर दिए गए हैं और जल्द ही तैयारियों का स्थलीय निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया जाएगा, ताकि समय रहते सभी कमियों को दूर किया जा सके।
बस्ती के पुलिस अधीक्षक (एसपी) डॉ. यशवीर सिंह ने बताया कि बैठक में पुलिस प्रशासन के सभी वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। बैठक में कांवड़ यात्रा के साथ-साथ बारिश के मौसम में संभावित बाढ़ की स्थिति से निपटने की रणनीति पर भी चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु विभिन्न मार्गों से गुजरते हैं, इसलिए उनकी सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए करीब एक महीने पहले से ही व्यापक तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। पुलिस, प्रशासन और अन्य संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य कर रहे हैं, ताकि यात्रा शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न हो सके।
वहीं, शामली जिले में भी पुलिस प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। शामली के पुलिस अधीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि कांवड़ यात्रा के दौरान सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस की साइबर टीम सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लगातार निगरानी रखे हुए है और किसी भी भ्रामक सूचना पर तत्काल कार्रवाई की जाएगी।
सीतापुर में भी कांवड़ यात्रा को लेकर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी गई है। जिले के पुलिस अधीक्षक अंकुर अग्रवाल ने बताया कि विशेष रूप से चहलारी घाट पुल पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था की गई है, जहां बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के गुजरने की संभावना रहती है। इसके अलावा सोशल मीडिया गतिविधियों पर भी लगातार नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी अफवाह या भड़काऊ सामग्री के जरिए कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी कांवड़ यात्रा की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। शाहदरा के डीसीपी राजेंद्र प्रसाद मीणा ने बताया कि प्रशासन ने काफी पहले से तैयारियां शुरू कर दी थीं। उन्होंने कहा कि पड़ोसी जिलों, विशेष रूप से नोएडा और गाजियाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ कई दौर की बैठकें कर कांवड़ मार्ग, सुरक्षा व्यवस्था और ट्रैफिक प्रबंधन की विस्तृत योजना तैयार की गई है। उनका कहना है कि ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित की जा रही है जिससे श्रद्धालुओं की यात्रा भी सुचारु रूप से चल सके और आम जनता को यातायात संबंधी परेशानियों का सामना न करना पड़े।
डीसीपी राजेंद्र प्रसाद मीणा ने बताया कि कांवड़ शिविर लगाने वाले आयोजकों से भी जल्द संपर्क स्थापित किया जाएगा। शाहदरा जिले में कुल 18 स्थानों पर कांवड़ शिविर लगाए जाएंगे, जिनका प्रशासन द्वारा निरीक्षण किया जा चुका है। इन शिविरों में सुरक्षा, स्वच्छता, बिजली, पानी और अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
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