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झारखंडः पाकिस्तानी आतंकियों के क्लिप्स सोशल मीडिया पर साझा करने के आरोप में कोडरमा के पांच लोग हिरासत में

रांची, 3 अगस्त (आईएएनएस)। झारखंड के कोडरमा जिले के सतगांवां थाना क्षेत्र में इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) और स्थानीय पुलिस ने सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तानी आतंकियों के क्लिप्स और भड़काऊ सामग्री साझा करने के आरोप में पांच लोगों को हिरासत में लिया है। केंद्रीय खुफिया एजेंसी को सूचना मिली थी कि कुछ सोशल मीडिया अकाउंट्स के जरिए आपत्तिजनक और उकसाने वाली ऑडियो क्लिप तथा अन्य सामग्री प्रसारित की जा रही है।
 

रांची, 3 अगस्त (आईएएनएस)। झारखंड के कोडरमा जिले के सतगांवां थाना क्षेत्र में इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) और स्थानीय पुलिस ने सोशल मीडिया के माध्यम से पाकिस्तानी आतंकियों के क्लिप्स और भड़काऊ सामग्री साझा करने के आरोप में पांच लोगों को हिरासत में लिया है। केंद्रीय खुफिया एजेंसी को सूचना मिली थी कि कुछ सोशल मीडिया अकाउंट्स के जरिए आपत्तिजनक और उकसाने वाली ऑडियो क्लिप तथा अन्य सामग्री प्रसारित की जा रही है।

प्रारंभिक जांच के बाद यह सूचना कोडरमा पुलिस के साथ साझा की गई, जिसके बाद संयुक्त कार्रवाई की गई। आईबी की टीम रविवार देर रात कोडरमा पहुंची थी। सोमवार सुबह स्थानीय पुलिस के साथ सतगांवां थाना क्षेत्र के माधोपुर गांव में छापेमारी कर पांच लोगों को हिरासत में लिया गया। आरोप है कि सोशल मीडिया के जरिए पाकिस्तान स्थित आतंकवादी अजहर मसूद की कथित ऑडियो क्लिप और अन्य सामग्री साझा कर कुछ मुस्लिम युवाओं को देश और अन्य धर्मों के खिलाफ भड़काने का प्रयास किया जा रहा था।

इस संबंध में सुरक्षा एजेंसियों या पुलिस की ओर से अभी तक आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। कार्रवाई के दौरान कुछ मोबाइल फोन, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और अन्य सामग्री भी जब्त की गई है। जांच एजेंसियां डिजिटल उपकरणों की जांच कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि सामग्री का स्रोत क्या था, उसे किन-किन लोगों तक भेजा गया और क्या इसके पीछे कोई संगठित नेटवर्क सक्रिय था।

फिलहाल, कोडरमा पुलिस के अधिकारियों ने मामले के संबंध में विस्तृत जानकारी साझा करने से इनकार किया है। उनका कहना है कि पूछताछ और तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की आधिकारिक जानकारी दी जाएगी।

बता दें कि इससे पहले कोडरमा की रहने वाली शमा परवीन को गुजरात एटीएस ने बेंगलुरु से गिरफ्तार किया था। उस पर अलकायदा इन इंडियन सबकॉन्टिनेंट (एक्यूआईएस) के कथित मॉड्यूल से जुड़े होने और सोशल मीडिया के माध्यम से युवाओं को कट्टरपंथ की ओर प्रभावित करने के आरोप लगे थे।

--आईएएनएस

एसएनसी/डीकेपी