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झारखंड में 2025-26 में पुलिस ने 4,619 एकड़ में अवैध अफीम की फसल नष्ट की, 48 गिरफ्तार

रांची, 19 जुलाई (आईएएनएस)। झारखंड में वर्ष 2025-26 के दौरान पुलिस ने अभियान चलाकर 4,619.34 एकड़ में उगाई गई अवैध अफीम की फसल नष्ट की है। राज्य सीआईडी मुख्यालय की रिपोर्ट के अनुसार, इस दौरान अफीम की अवैध खेती से जुड़े 77 मामले दर्ज किए गए और 48 लोगों को गिरफ्तार किया गया। सबसे व्यापक कार्रवाई चतरा जिले में हुई, जहां 2,742.22 एकड़ में लगी फसल नष्ट की गई।
 

रांची, 19 जुलाई (आईएएनएस)। झारखंड में वर्ष 2025-26 के दौरान पुलिस ने अभियान चलाकर 4,619.34 एकड़ में उगाई गई अवैध अफीम की फसल नष्ट की है। राज्य सीआईडी मुख्यालय की रिपोर्ट के अनुसार, इस दौरान अफीम की अवैध खेती से जुड़े 77 मामले दर्ज किए गए और 48 लोगों को गिरफ्तार किया गया। सबसे व्यापक कार्रवाई चतरा जिले में हुई, जहां 2,742.22 एकड़ में लगी फसल नष्ट की गई।

रिपोर्ट के अनुसार, लातेहार में 832.14 एकड़, हजारीबाग में 393 एकड़, पलामू में 314.62 एकड़ और खूंटी में 215.71 एकड़ में अफीम की खेती नष्ट की गई। इसके अलावा पश्चिमी सिंहभूम में 52.69 एकड़, रांची में 34.50 एकड़, सरायकेला-खरसावां में 24.70 एकड़, सिमडेगा में 3.50 एकड़, लोहरदगा में 3.25 एकड़, कोडरमा में तीन एकड़ और देवघर में 0.01 एकड़ में अवैध फसल को नष्ट किया गया। लातेहार जिले में अफीम के साथ गांजा की दो अवैध फसलें भी नष्ट की गईं।

अफीम की खेती के मामलों में चतरा में सबसे अधिक 21 प्राथमिकी दर्ज की गईं। इसके बाद लातेहार में 11, खूंटी में 10, हजारीबाग में आठ, रांची में सात, पश्चिमी सिंहभूम में 12, सरायकेला-खरसावां में तीन, सिमडेगा में दो तथा लोहरदगा, कोडरमा और देवघर में एक-एक मामला दर्ज हुआ। कुल 48 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। सीआईडी के आंकड़े बताते हैं कि वर्ष 2024-25 की तुलना में वर्ष 2025-26 में अवैध अफीम की खेती का दायरा काफी घटा है।

पिछले वर्ष राज्य में 27,015.03 एकड़ में अफीम की खेती चिन्हित हुई थी, जबकि इस वर्ष यह घटकर 4,619.34 एकड़ रह गई। यानी एक वर्ष के भीतर अवैध खेती का रकबा लगभग 22,400 एकड़ कम दर्ज किया गया। वर्ष 2024-25 में सबसे अधिक 15,246.79 एकड़ में अफीम की खेती खूंटी जिले में पाई गई थी। इसके अलावा रांची में 6,843.47 एकड़, चतरा में 1,566.46 एकड़, पश्चिमी सिंहभूम में 796.05 एकड़, लातेहार में 754 एकड़, सरायकेला-खरसावां में 678.96 एकड़, पलामू में 604.12 एकड़ और हजारीबाग में 525.18 एकड़ में अवैध फसल नष्ट की गई थी। उस वर्ष 313 मामले दर्ज हुए थे और 237 लोगों को गिरफ्तार किया गया था।

सीआईडी मुख्यालय के रिकॉर्ड के अनुसार, वर्ष 2021-22 में 2,871.02 एकड़, 2022-23 में 5,494.10 एकड़ और 2023-24 में 4,853.99 एकड़ में अवैध अफीम की फसल नष्ट की गई थी। रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य में अफीम की अवैध खेती मुख्य रूप से चतरा, खूंटी, लातेहार, रांची, पलामू, पश्चिमी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां और हजारीबाग जिलों में केंद्रित रही है।

--आईएएनएस

एसएनसी/पीएम