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जम्मू-कश्मीर: उपराज्यपाल ने बुलाई उच्च शिक्षा परिषद की बैठक, व्यापक रणनीतियों पर चर्चा

जम्मू, 24 अप्रैल (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को उच्च शिक्षा परिषद की एक हाई लेवल मीटिंग की। इस दौरान उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में समग्र विकास पर जोर दिया।
 
जम्मू-कश्मीर: उपराज्यपाल ने बुलाई उच्च शिक्षा परिषद की बैठक, व्यापक रणनीतियों पर चर्चा

जम्मू, 24 अप्रैल (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को उच्च शिक्षा परिषद की एक हाई लेवल मीटिंग की। इस दौरान उन्होंने शिक्षा के क्षेत्र में समग्र विकास पर जोर दिया।

जम्मू-कश्मीर उपराज्यपाल कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में बताया कि आज जम्मू के लोक भवन में जम्मू कश्मीर उच्च शिक्षा परिषद की एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की। परिषद ने केंद्र शासित प्रदेश में शिक्षा क्षेत्र के समग्र परिवर्तन को गति देने के उद्देश्य से व्यापक रणनीतियों पर चर्चा की।

इससे पहले एक कार्यक्रम में उपराज्यपाल ने पुलिस और सभी प्रवर्तन एजेंसियों का ध्यान इस तथ्य की ओर भी दिलाया कि मादक पदार्थों के तस्कर और आतंकवादी एक साथ मिलकर काम करते हैं और उन्हें अपराध में सहयोगी के रूप में माना जाना चाहिए।

उपराज्यपाल ने गैर सरकारी संगठनों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और आध्यात्मिक नेताओं से शहरों और गांवों में बड़ी संख्या में इस अभियान में शामिल होने का आह्वान किया। “सामाजिक संगठन, आध्यात्मिक नेता और शिक्षक इस मिशन के अग्रणी संरक्षक हैं। उन्होंने कहा कि मुझे दृढ़ विश्वास है कि उनके नेतृत्व में आशा की किरण फिर से जगेगी और समाज का पुनर्निर्माण होगा। सरकार और समुदाय की पूरी ताकत उनके साथ खड़ी है।

उन्होंने कहा कि हमें एक ऐतिहासिक आंदोलन खड़ा करना होगा, एक ऐसा आंदोलन जो घरों, स्कूलों, मोहल्लों और समुदायों से उत्पन्न हो; एक ऐसा आंदोलन जिसकी शुरुआत कस्बों और गांवों में खुले और ईमानदार संवाद से हो। माताएं और बहनें हमारे समाज की नैतिक आधारशिला हैं और उनकी मदद से हम इस लड़ाई को जीत सकते हैं।

उपराज्यपाल ने कहा कि जम्मू मंडल में 11 अप्रैल से 22 अप्रैल के बीच बड़ी संख्या में मामले दर्ज किए गए और कई नशीले पदार्थों के तस्करों को गिरफ्तार किया गया। उन्होंने बताया कि लगभग 3 करोड़ रुपए मूल्य के नशीले पदार्थ जब्त किए गए हैं और लगभग 1 करोड़ रुपए मूल्य की चल और अचल संपत्तियां कुर्क की गई हैं।

उन्होंने कहा, “नशीले पदार्थों के तस्करों की संपत्तियों को ध्वस्त कर दिया गया है। 187 ड्राइविंग लाइसेंस और चार वाहन पंजीकरण भी रद्द किए गए हैं। 48 नशीले पदार्थों के तस्करों के खिलाफ वित्तीय जांच शुरू की गई है। दवा की दुकानों का निरीक्षण किया गया है और 15 दवा दुकानों के लाइसेंस रद्द किए गए हैं। नशा करने वालों को नशामुक्ति और पुनर्वास केंद्रों में भेजा गया है और उन्हें परामर्श भी दिया जा रहा है।”

--आईएएनएस

एमएस/