जहांगीरपुरी हत्या मामला: दिल्ली पुलिस ने तीन वांछित आरोपियों को लोनी से किया गिरफ्तार
नई दिल्ली, 25 अप्रैल (आईएएनएस)। दिल्ली पुलिस ने जहांगीरपुरी थाने में दर्ज हत्या के मामले में तीन वांछित आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दिल्ली पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि वे दिल्ली और उत्तर प्रदेश के लोनी में लगातार अपनी छिपने की जगहें बदलते रहे। पुलिस टीम ने खुफिया जानकारी जुटाते हुए तीनों आरोपियों को गिरफ्तार किया।
आरोपियों की पहचान शेख इशहाक, दिलशाद और इरफान के रूप में हुई है। ये सभी जहांगीरपुरी के एच-2 ब्लॉक के निवासी हैं। घटना के बाद से तीनों आरोपी फरार चल रहे थे।
अधिकारियों ने बताया कि 5 अप्रैल को जहांगीरपुरी के एच-2 ब्लॉक में एक 17 वर्षीय लड़के की चाकू से हमला करके हत्या की गई थी। जांच के दौरान एक मृतक के भाई ने बताया कि पुरानी रंजिश के कारण आरोपियों ने उसके भाई को रोका और जान से मारने की नीयत से उस पर बार-बार चाकू से वार किए। अस्पताल में ले जाने के बाद डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित किया।
पीड़ित पक्ष की शिकायत के बाद दिल्ली पुलिस ने जांच के लिए टीम का गठन किया। आरोपियों को पकड़ने के लिए भी टीम बनाई गई। इसी बीच, पुलिस को आरोपियों शेख इसहाक, दिलशाद और इरफान की गतिविधियों के बारे में सूचना मिली। ह्यूमन इंटेलिजेंस और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर टीम ने सफलतापूर्वक आरोपियों का पता लगाया और उन्हें गाजियाबाद के लोनी में सबहापुर अंडरपास के पास से गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने अपना गुनाह कबूल किया है। आरोपियों ने बताया कि मृतक और उसके भाई हकीम अली के साथ उनकी पुरानी दुश्मनी थी। यह दुश्मनी तब शुरू हुई जब युवक ने आरोपियों में से एक की पत्नी के लिए अपशब्दों का इस्तेमाल किया था। 5 अप्रैल को उन्होंने उस लड़के को जान से मारने की साजिश रची। दिलशाद ने चाकू का इंतजाम किया और उन्हें आपस में बांट दिया। इसके बाद, वे रामलीला मैदान पहुंचे, जहां युवक रिक्शा पार्किंग के पास बैठा हुआ था। दिलशाद ने उसे पकड़कर नीचे गिरा दिया और चाकू से उस पर कई बार वार किए।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपी शेख इसहाक ने 10वीं कक्षा तक पढ़ाई की है। वह पश्चिम बंगाल से आया था और जहांगीरपुरी में रहने लगा था। वह दिल्ली के जहांगीरपुरी में ई-रिक्शा पार्किंग का काम करता है। उसके बेटे दिलशाद और इरफान अनपढ़ हैं और ई-रिक्शा पार्किंग के काम में उसकी मदद करते हैं। आरोपी दिलशाद पहले भी साल 2022 के जहांगीरपुरी दंगों के मामले में शामिल रहा है।
पुलिस ने खुलासा किया कि आरोपी शेख इसहाक ने अपने बेटों और रिश्तेदारों के साथ मिलकर, मृतक से बदला लेने और दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके में अपना दबदबा कायम करने के लिए यह अपराध किया।
--आईएएनएस
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