'इस घटना से हमें गहरा दुख है', सत्य निकेतन बिल्डिंग हादसे पर दिल्ली यूनिवर्सिटी ने जताया दुख
नई दिल्ली, 6 सितंबर (आईएएनएस)। राजधानी दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में गिरी कई मंजिला इमारत से तीन व्यक्तियों की मौत हो गई और नौ लोगों को अब तक बचाया जा चुका है। दिल्ली यूनिवर्सिटी ने इस घटना पर दुख जताया है और हर संभव मदद का आश्वसन किया है।
डीयू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में लिखा कि दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत गिरने की घटना से हमें गहरा दुख और अफसोस है। हमारी संवेदनाएं प्रभावित छात्रों और उनके परिवारों के साथ हैं। हम मलबे में फंसे सभी लोगों के सुरक्षित बाहर निकलने की प्रार्थना करते हैं और अपने छात्रों की हर संभव मदद के लिए तैयार हैं।
भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने रविवार को दिल्ली के सत्य निकेतन इलाके में इमारत गिरने की घटना पर दुख जताया और राहत कार्यों के बारे में दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता से बात की।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक संदेश में नवीन ने कहा कि दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत गिरने की दुखद घटना बहुत चिंताजनक है। हालात का जायजा लेने के लिए दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता जी से बात की।
उन्होंने आगे कहा कि राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर चल रहे हैं और घायलों को तुरंत मेडिकल मदद देने की हर संभव कोशिश की जा रही है। इस मुश्किल घड़ी में प्रभावित सभी लोगों की सुरक्षा और भलाई के लिए प्रार्थना कर रहा हूं।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के साथ-साथ, उपराज्यपाल तरनजीत सिंह संधू और पुलिस के विशेष आयुक्त (कानून-व्यवस्था) नीरज ठाकुर ने बचाव कार्य की निगरानी के लिए सत्य निकेतन में घटना स्थल का दौरा किया।
मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक बयान में कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता सत्य निकेतन, आरके पुरम में घटना स्थल पर मौजूद हैं और वरिष्ठ अधिकारियों व संबंधित अधिकारियों के साथ मिलकर बचाव कार्य पर बारीकी से नजर रख रही हैं।
बयान में आगे कहा गया कि सभी एजेंसियां मौके पर मौजूद हैं और आपस में मिलकर काम कर रही हैं। बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालने पर पूरा ध्यान दिया जा रहा है। राहत और बचाव कार्य युद्ध स्तर पर जारी हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दुर्भाग्यपूर्ण इमारत गिरने की घटना स्थल पर युद्धस्तर पर बचाव और आपातकालीन प्रतिक्रिया अभियान चल रहे हैं... एनडीआरएफ, दिल्ली अग्निशमन सेवा, दिल्ली पुलिस, डीडीएमए, एमसीडी, सीएटीएस और नागरिक सुरक्षा की टीमें मौके पर मौजूद हैं।
--आईएएनएस
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