Aapka Rajasthan

जंतर-मंतर होने वाले विरोध-प्रदर्शन को रोकना अनुचित और निंदनीय: डी. राजा

नई दिल्ली, 9 अक्टूबर (आईएएनएस)। कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (सीपीआई) के जनरल सेक्रेटरी डी. राजा ने शुक्रवार को जंतर-मंतर पर 10 अक्टूबर को होने वाले प्रदर्शन से पहले विरोध-प्रदर्शनों पर रोक लगाने के सरकार के कदमों की आलोचना की और उन्हें अनुचित तथा बेहद निंदनीय बताया।
 

नई दिल्ली, 9 अक्टूबर (आईएएनएस)। कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (सीपीआई) के जनरल सेक्रेटरी डी. राजा ने शुक्रवार को जंतर-मंतर पर 10 अक्टूबर को होने वाले प्रदर्शन से पहले विरोध-प्रदर्शनों पर रोक लगाने के सरकार के कदमों की आलोचना की और उन्हें अनुचित तथा बेहद निंदनीय बताया।

डी.राजा का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब खबर है कि प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन से पहले दिल्ली के दो रेलवे स्टेशनों पर कई ट्रेनें रद्द कर दी गई हैं और 56 मेट्रो स्टेशनों पर सेवाएं प्रभावित हुई हैं।

राजा ने समाचार एजेंसी आईएएनएस से ​​बातचीत करते हुए कहा कि मुझे पता है कि यह बहुत गलत है। सरकार जिस तरह से विरोध प्रदर्शनों को रोकने या उनमें बाधा डालने के लिए कदम उठा रही है, वह बेहद निंदनीय है। वे सभी मेट्रो स्टेशन बंद करने जा रहे हैं। वे लोगों को सड़कों पर चलने नहीं दे रहे हैं, और लोगों में डर पैदा करने और उन्हें आने से रोकने के लिए हर जगह अतिरिक्त बल तैनात किए जा रहे हैं।

हालांकि, उन्होंने भरोसा जताया कि लोग इन पाबंदियों से पार पा लेंगे और प्रदर्शन में हिस्सा लेंगे।

उन्होंने कहा कि आखिरकार लोग तो लोग हैं, वे जानते हैं कि इन सबका सामना कैसे करना है।

राजा ने शुक्रवार को संविधान सदन के सेंट्रल हॉल में होने वाली इंडिया ब्लॉक की बैठक के बारे में भी बात की, जहां विपक्षी नेताओं के चुनावी गड़बड़ियों के आरोपों को लेकर चल रहे अपने आंदोलन पर चर्चा करने की उम्मीद है।

उन्होंने कहा कि हमारी पार्टी बैठक में हिस्सा लेगी। यह संसद के सेंट्रल हॉल में होनी है, और मैं खुद इसमें शामिल होऊंगा। हम चर्चा करेंगे कि इंडिया ब्लॉक की सहयोगी पार्टियां क्या कदम उठा सकती हैं और राष्ट्रपति से मिलने वाले लोगों की संख्या और समय क्या होगा। इन सभी मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।

सूत्रों ने संकेत दिया कि इस बैठक के बाद चुनावी गड़बड़ियों के आरोपों को लेकर विरोध प्रदर्शन का एक और दौर शुरू हो सकता है, जिसे विपक्ष ने वोट चोरी करार दिया है।

यह बैठक विपक्षी दलों और भारत के चुनाव आयोग के बीच बढ़ते तनाव के बीच हो रही है। यह तनाव मतदाता सूची के विशेष गहन संशोधन और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की विपक्ष की मांग को लेकर है।

इंडिया ब्लॉक ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मिलने का समय भी मांगा है। विपक्षी नेताओं ने संकेत दिया है कि अगर राष्ट्रपति उन्हें मिलने का समय नहीं देती हैं तो वे अपनी मांगों को मनवाने के लिए दूसरे विकल्पों पर विचार कर सकते हैं।

--आईएएनएस

डीकेएम/डीकेपी