अमेरिकी सेना ने लगातार नौवीं रात किया ईरान पर हमला : सेंट्रल कमांड
वाशिंगटन, 20 जुलाई (आईएएनएस)। ईरान के खिलाफ अमेरिकी की सैन्य कार्रवाई लगातार 9वें दिन जारी रही है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) ने बताया कि ईरान के खिलाफ सैन्य हमलों का एक नया दौर शुरू हुआ है और इसका मकसद ईरान की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करना है।
सेंट्रल कमांड ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर जानकारी दी कि ईरान पर नए सिरे से रविवार शाम 7 बजे (अमेरिकी समयानुसार) हमले शुरू हुए। पोस्ट में लिखा है, "इन हमलों से ईरान की उन सैन्य क्षमताओं को कमजोर करना जारी रखा जाएगा, जिनका इस्तेमाल होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले कमर्शियल जहाजों और आम नागरिकों वाले समुद्री जहाजों पर हमले के लिए किया जाता है।"
इससे पहले, सेंटकॉम ने घोषणा की थी कि 18 जुलाई को रात 11:30 बजे (ईस्टर्न समयानुसार) पर ईरान के खिलाफ एक और सैन्य अभियान पूरा किया गया। उसने कहा कि यह ऑपरेशन कमांडर-इन-चीफ के निर्देश पर किया गया था।
पिछले ऑपरेशन के बारे में बताते हुए सेंट्रल कमांड ने कहा कि अमेरिकी सेना ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया, जिनमें तटीय निगरानी और वायु रक्षा सुविधाएं, समुद्री क्षमताएं, और मिसाइल व ड्रोन स्टोरेज साइटें शामिल थीं।
सेंटकॉम ने अपने बयान में कहा, "आठवीं रात के अभियान में अमेरिकी सेना ने ईरान की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करने के लिए उसकी तटीय निगरानी और एयर डिफेंस सुविधाओं, समुद्री क्षमताओं और मिसाइल व ड्रोन स्टोरेज साइटों पर सफलतापूर्वक हमले किए। अमेरिकी सेना ने इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के उन बलों को भी निशाना बनाया, जिन्होंने 17 जुलाई को जॉर्डन में अमेरिकी सैनिकों पर हमले किए थे।"
बयान में कहा गया कि मध्य पूर्व में 50,000 से अधिक अमेरिकी सैनिक तैनात हैं। वे पूरी तरह सतर्क, घातक और तैयार हैं।
हाल के दिनों में मध्य पूर्व में यह तनाव बढ़ा है। अमेरिका लगातार ईरान की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है। अमेरिका ने पिछले एक हफ्ते में ईरान के दक्षिणी प्रांतों में सैन्य ठिकानों और बुनियादी ढांचे पर कई हमले किए। उसका दावा है कि इन हमलों का मकसद होर्मुज स्ट्रेट में कमर्शियल शिपिंग के लिए खतरा पैदा करने की ईरान की क्षमता को कमजोर करना था।
--आईएएनएस
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