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राजस्थान में 5वीं कक्षा के छात्र की करंट से मौत, परिजनों ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया

जयपुर, 11 अगस्त (आईएएनएस)। राजस्थान में श्री गंगानगर के सादुलशहर स्थित एक स्कूल में करंट लगने से 5वीं कक्षा के छात्र की मौत हो गई। बच्चे के परिवार ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है और शव लेने से इनकार कर दिया है। वे निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
 

जयपुर, 11 अगस्त (आईएएनएस)। राजस्थान में श्री गंगानगर के सादुलशहर स्थित एक स्कूल में करंट लगने से 5वीं कक्षा के छात्र की मौत हो गई। बच्चे के परिवार ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया है और शव लेने से इनकार कर दिया है। वे निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

यह घटना बाल भारती स्कूल में हुई, जहां देवांश (9) टूर्नामेंट की प्रैक्टिस के दौरान पानी पीने गया था। परिवार के अनुसार, वह बिजली के करंट वाले वॉटर कूलर के संपर्क में आ गया और उसे बिजली का झटका लगा। इस घटना में उसका पैर भी जल गया।

परिवार के अनुसार, वार्ड 23 का रहने वाला देवांश पिछले चार महीनों से हर शाम टूर्नामेंट की प्रैक्टिस में हिस्सा लेने के लिए स्कूल जा रहा था। परिवार का आरोप है कि वॉटर कूलर में पहले से ही बिजली के लीकेज की समस्या थी और स्कूल मैनेजमेंट को इसके बारे में पहले ही बताया जा चुका था।

उनका दावा है कि अगर उस खराबी की समय पर जांच और मरम्मत की गई होती, तो इस घटना को रोका जा सकता था।

देवांश की मां ने घटना की निष्पक्ष जांच की मांग की है। परिवार चाहता है कि जांच के बाद जो भी दोषी पाया जाए, उसके खिलाफ कार्रवाई हो।

घटना के बाद, बच्चे के शव को अस्पताल की मोर्चरी ले जाया गया। परिवार ने कहा है कि जब तक घटना के संबंध में कार्रवाई नहीं की जाती, वे शव को स्वीकार नहीं करेंगे।

परिवार के इस रुख से घटना को लेकर तनाव और आक्रोश फैल गया है, और रिश्तेदार स्कूल में सुरक्षा बनाए रखने के लिए जिम्मेदार लोगों से जवाबदेही की मांग कर रहे हैं।

वहीं, स्कूल संचालक सर्वजीत सिंह सरन ने परिवार के आरोपों को खारिज करते हुए बच्चे की मौत बिजली का झटका लगने से होने के दावे को बेबुनियाद बताया है।

परिवार और स्कूल मैनेजमेंट के अलग-अलग दावों के कारण, बच्चे की मौत के सही हालात और कारण का अभी पता नहीं चल पाया है। यह पता लगाने के लिए विस्तृत जांच की आवश्यकता होगी कि क्या हुआ था और क्या इस त्रासदी में किसी की लापरवाही शामिल थी।

--आईएएनएस

डीकेएम/वीसी