तेलंगाना: आरटीसी ड्राइवर ने किया सुसाइड, बीआरएस और भाजपा ने कांग्रेस सरकार को ठहराया जिम्मेदार
हैदराबाद, 24 अप्रैल (आईएएनएस)। तेलंगाना में रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन (आरटीसी) के एक ड्राइवर की आत्मदाह के बाद मौत को लेकर सियासत गरमा गई है। विपक्षी दल भारत राष्ट्र समिति और भारतीय जनता पार्टी ने इसे राज्य सरकार की “हत्या” करार दिया है।
वारंगल जिले में आरटीसी कर्मचारियों के चल रहे आंदोलन के दौरान ड्राइवर शंकर गौड़ ने गुरुवार को खुद को आग लगा ली थी। उन्हें इलाज के लिए हैदराबाद के अपोलो डीआरडीओ अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां शुक्रवार सुबह उनकी मौत हो गई।
बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष के. टी. रामाराव ने कहा कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी सरकार द्वारा की गई “हत्या” है। उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर आरोप लगाया कि आरटीसी कर्मचारियों के साथ पिछले ढाई साल से हो रहे अन्याय के कारण शंकर गौड़ ने यह कदम उठाया।
केटीआर ने अधिकारियों द्वारा शंकर गौड़ के पार्थिव शरीर को नरसंपेट आरटीसी डिपो ले जाकर श्रद्धांजलि देने की अनुमति नहीं देने को “अत्यंत निंदनीय” बताया। उन्होंने पूर्व बीआरएस विधायक पेड्डी सुदर्शन रेड्डी समेत अन्य लोगों की गिरफ्तारी की भी आलोचना की और सभी की बिना शर्त रिहाई की मांग की।
बीआरएस नेता ने मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये मुआवजा और एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग की। उन्होंने कहा कि सरकार को परिवार की हर संभव मदद करनी चाहिए।
केटीआर ने आरोप लगाया कि आरटीसी कर्मचारियों की हड़ताल के बावजूद सरकार की लापरवाही के कारण हालात बिगड़ रहे हैं और एक ही दिन में तीन ड्राइवरों द्वारा आत्महत्या की कोशिश तेलंगाना के इतिहास का काला अध्याय है। उन्होंने कहा कि सरकार को आरटीसी को कमजोर करने की कोशिश बंद कर कर्मचारियों से संवाद करना चाहिए और उनकी जायज मांगें पूरी करनी चाहिए।
वहीं, केंद्रीय गृह राज्य मंत्री बंडी संजय कुमार ने भी शंकर गौड़ की आत्मदाह से मौत को सरकार द्वारा “हत्या” बताया। उन्होंने कहा कि पूरे तेलंगाना में शोक का माहौल है और आरटीसी कर्मचारी कई समस्याओं से जूझ रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार कर्मचारियों की मांगों को पूरा करने के बजाय देरी करने के लिए कमेटियां बना रही है। साथ ही उन्होंने कर्मचारियों से अपील की कि वे आत्महत्या जैसे कदम न उठाएं, क्योंकि इससे उनके परिवारों को भारी संकट का सामना करना पड़ता है।
इस बीच, तेलंगाना भाजपा अध्यक्ष रामचंदर राव ने हैदराबाद के मुशीराबाद में आरटीसी कर्मचारियों के प्रदर्शन में शामिल होकर उनका समर्थन किया और इसे “संवेदनहीन कांग्रेस सरकार के खिलाफ न्यायपूर्ण संघर्ष” बताया।
--आईएएनएस
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