ढाका में रवींद्रनाथ टैगोर के चित्र से की गई छेड़छाड़, पुलिस ने चार को हिरासत में लिया
नई दिल्ली, 11 अक्टूबर (आईएएनएस)। बांग्लादेश की राजधानी ढाका में रवींद्रनाथ टैगोर की एक दीवार पर बने चित्र (ग्रैफिटी) के साथ छेड़छाड़ की गई। इस घटना के बाद पुलिस ने एक महिला समेत चार लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है। मामले की जांच के सिलसिले में पुलिस की डिटेक्टिव ब्रांच (डीबी) हिरासत में लिए गए लोगों से पूछताछ कर रही है।
टैगोर की यह ग्रैफिटी राजधानी के सेगुनबागिचा इलाके में स्थित बांग्लादेश शिल्पकला अकादमी के सामने एक दीवार पर बनी हुई थी। शनिवार को इस पर काली स्याही लगा दी गई। यह घटना शारदीय दुर्गा पूजा से ठीक पहले हुई है, जिससे त्योहार के दौरान किसी तरह की अशांति की आशंका को लेकर चिंता बढ़ गई है।
ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस (डीएमपी) के रमना डिवीजन के डिप्टी कमिश्नर शेख जाहिदुल इस्लाम ने शनिवार शाम 'ढाका ट्रिब्यून' से बातचीत में चार लोगों को हिरासत में लिए जाने की पुष्टि की।
उन्होंने कहा, "एक महिला समेत चार लोगों को हिरासत में लिया गया है। उनसे फिलहाल डीबी कार्यालय में पूछताछ की जा रही है। जांच के हित में अभी उनके नाम और पहचान सार्वजनिक नहीं की जा सकती।"
इससे पहले शनिवार को शाहबाग पुलिस ने इस मामले में एएनएम अयास, जो राष्ट्र संवाद फोरम के सदस्य सचिव हैं, को हिरासत में लिया था। इसके अलावा एक महिला समेत दो अन्य लोगों को भी इसी मामले में पकड़ा गया।
सोशल मीडिया पर वायरल कई वीडियो में एक महिला ब्रश से टैगोर की ग्रैफिटी पर काली स्याही पोतती नजर आई। मौके पर मौजूद शाहबाग थाने के एक पुलिसकर्मी ने दखल देकर उसे वहां से हटाया। इसके बाद महिला और उसके साथियों के साथ कुछ देर हंगामा हुआ, जिसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेकर वैन से वहां से ले गई। घटना के दौरान समूह को नारेबाजी करते हुए भी सुना गया।
शुरुआत में मीडिया से बात करते हुए महिला ने दावा किया कि टैगोर ने ढाका विश्वविद्यालय की स्थापना का विरोध किया था और कहा था, "गरीबों को शिक्षा की क्या जरूरत है?" महिला ने टैगोर को 'बांग्लादेश विरोधी' बताते हुए कहा कि उसने विरोध के तौर पर ग्रैफिटी को नुकसान पहुंचाया।
हालांकि बाद में उसने अलग बयान दिया। उसने कहा कि उसे बुखार था और वह एक नियमित प्रदर्शन में शामिल होने के बहाने शिल्पकला अकादमी के इलाके में गई थी। दुर्गा पूजा से पहले हुई इस घटना ने काफी ध्यान खींचा है। हालांकि पुलिस अभी तक यह तय नहीं कर पाई है कि यह किसी सुनियोजित उकसावे का हिस्सा था या नहीं। फिलहाल हिरासत में लिए गए चारों लोगों से डिटेक्टिव ब्रांच लगातार पूछताछ कर रही है और मामले की जांच जारी है।
--आईएएनएस
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