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आंध्र प्रदेश : 92 शहरी स्थानीय निकायों के चुनाव संपन्न, 3 नवंबर को होगा 10,262 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला

अमरावती, 1 नवंबर (आईएएनएस)। आंध्र प्रदेश के चुनाव आयुक्त (एसईसी) अनिल चंद्र पुनेथा ने रविवार को बताया कि छोटी-मोटी घटनाओं को छोड़कर 92 शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी) के चुनाव के लिए मतदान शांतिपूर्ण रहा।
 

अमरावती, 1 नवंबर (आईएएनएस)। आंध्र प्रदेश के चुनाव आयुक्त (एसईसी) अनिल चंद्र पुनेथा ने रविवार को बताया कि छोटी-मोटी घटनाओं को छोड़कर 92 शहरी स्थानीय निकायों (यूएलबी) के चुनाव के लिए मतदान शांतिपूर्ण रहा।

13 नगर निगमों और 79 नगर पालिकाओं व नगर पंचायतों में सुबह 7 बजे शुरू हुई वोटिंग शाम 5 बजे खत्म हो गई। शाम 5 बजे जो लोग कतारों में खड़े थे, उन्हें वोट डालने की अनुमति दी गई।

जिलों से मिली शुरुआती जानकारी के अनुसार, दोपहर 3 बजे तक 48.03 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।

पोलिंग स्टाफ बैलेट बॉक्स और चुनाव सामग्री लेकर रिसेप्शन सेंटरों पर पहुंचेगा। अंतिम मतदान प्रतिशत का पता लगाने के लिए हर पोलिंग स्टेशन पर डाले गए वोटों के विवरण की जांच की जाएगी।

उन्होंने बताया कि रिसेप्शन सेंटरों से पूरी जानकारी मिलने के बाद सोमवार तक मतदान प्रतिशत की घोषणा कर दी जाएगी। 11,378 पोलिंग सेंटरों पर कुल 99.35 लाख मतदाता वोट डालने के पात्र थे।

मेयर, चेयरपर्सन और वार्ड स्तरीय पदों के लिए चुनाव लड़ रहे 10,262 उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला 3 नवंबर को होगा, जब वोटों की गिनती की जाएगी।

17 नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों में चेयरपर्सन पदों के लिए चुनाव सर्वसम्मति से हुए। आठ नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों में चेयरपर्सन और वार्ड सदस्य दोनों ही निर्विरोध चुने गए।

13 नगर निगमों में मेयर पद के लिए कुल 153 उम्मीदवार मैदान में थे, जबकि 70 नगर पालिकाओं में चेयरपर्सन पदों के लिए 367 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे थे।

कुल 922 कॉर्पोरेटर वार्डों में से 804 वार्डों के लिए वोटिंग हुई, क्योंकि बाकी 118 वार्डों में चुनाव सर्वसम्मति से हो गए थे। 804 नगर वार्डों के लिए कुल 3,077 उम्मीदवार मैदान में थे। वहीं नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के 2,382 वार्डों के लिए कुल 6,669 उम्मीदवार चुनाव लड़ रहे थे।

एसईसी ने बताया कि शांतिपूर्ण मतदान प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए उन्होंने जिला कलेक्टरों, पुलिस अधीक्षकों (एसपी), पुलिस आयुक्तों, डीआईजी और चुनाव पर्यवेक्षकों के साथ समीक्षा बैठकें कीं। आयुक्त अनिल चंद्र पुनेथा ने बताया कि राज्य के विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से चुनाव प्रक्रिया के संचालन को लेकर शिकायतें और आवेदन प्राप्त हुए हैं। उन्होंने पुलिस विभाग, जिला कलेक्टरों, एसपी (एसपी) और पुलिस आयुक्तों को इन शिकायतों की जांच करने और आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया।

आयुक्त ने बताया कि उन्होंने नंदीयाल, कडप्पा, पलनाडु, मरकापुरम, प्रकाशम, नेल्लोर, तिरुपति, चित्तूर, अनंतपुर, कुरनूल, अन्नमय्या और श्री सत्य साईं जिलों के कलेक्टरों के साथ लगभग 45 मिनट तक चर्चा की। यह चर्चा मतदान प्रक्रिया, प्राप्त शिकायतों और हिंसा की किसी भी घटना के संबंध में थी।

उन्होंने बताया कि कलेक्टरों के अनुसार, अधिकांश जिलों में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से चल रहा है और केवल कुछ ही इलाकों से मामूली शिकायतें मिली हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि कुछ जिलों में तो कोई शिकायत या हिंसा की घटना सामने ही नहीं आई है।

अनिल चंद्र पुनेथा ने घोषणा की कि विजयवाड़ा नगर निगम के वार्ड 55 में, जहां तकनीकी और अन्य समस्याओं के कारण मतदान लगभग ढाई घंटे देरी से शुरू हुआ था, वहां वोटिंग का समय शाम 5 बजे से बढ़ाकर शाम 7:30 बजे तक कर दिया गया है। ऐसा इसलिए किया गया है ताकि मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।

उन्होंने बताया कि यह निर्णय जिला कलेक्टर के अनुरोध पर और चुनाव आयोग को प्राप्त शक्तियों के अनुरूप लिया गया है।

आयुक्त ने बताया कि पलनाडु और अनंतपुर के जिला कलेक्टरों ने उनके ध्यान में कुछ ऐसी घटनाएं लाई हैं जो उनके संबंधित जिलों में घटी हैं। उन्होंने कहा कि मतदान समाप्त होने के बाद, पीठासीन अधिकारियों (पीओ) की रिपोर्ट और अन्य सबूतों की जांच की जाएगी। यदि शिकायतें सही पाई जाती हैं तो नियमों के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।

आईजी राजा कुमारी ने बताया कि रविवार को मतदान के दौरान लगभग 40 घटनाएं सामने आईं और 275 एफआईआर दर्ज की गई हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी घटनाओं की गहन जांच की जा रही है और जिन मामलों में आपराधिक तत्वों की पहचान हो रही है, वहां एफआईआर दर्ज की जा रही है।

--आईएएनएस

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