बिहार: पत्नी की हत्या के आरोप में व्यक्ति गिरफ्तार, सहयोगी भी हिरासत में लिया गया
पटना, 14 जनवरी (आईएएनएस)। पटना के जानीपुर थाना क्षेत्र के गजवक मोहम्मदपुर में एक महिला की रहस्यमय हत्या का मामला पुलिस ने सुलझा लिया है। इस सनसनीखेज वारदात में मृतका का पति ही मुख्य साजिशकर्ता निकला है। पुलिस ने बुधवार को इस पूरे मामले का खुलासा किया।
मृतका की पहचान माला देवी के रूप में हुई है, जो जहानाबाद जिले के पाली थाना क्षेत्र की निवासी थीं और सुबोध शर्मा की पत्नी थीं। 11 जनवरी को माला देवी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी, जिसके बाद पुलिस ने मामले की गंभीरता से जांच शुरू की। शुरुआत में यह मामला पूरी तरह से रहस्य बना हुआ था, लेकिन पुलिस ने तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर 48 घंटे के भीतर हत्या की गुत्थी सुलझा ली।
शहर के पुलिस अधीक्षक (पश्चिम) भानु प्रताप सिंह ने बताया कि जांच में सामने आया है कि माला देवी के कथित तौर पर कुछ अन्य लोगों के साथ निजी संबंध थे और वह वित्तीय लेन-देन में भी शामिल थीं। इन बातों को लेकर पति-पत्नी के बीच लंबे समय से तनाव चल रहा था। इसी पारिवारिक विवाद और आपसी मतभेद ने सुबोध शर्मा को हत्या की साजिश रचने के लिए प्रेरित किया।
एसपी सिंह के मुताबिक, सुबोध शर्मा ने इस साजिश को अंजाम देने के लिए अपने पुराने परिचित कुणाल किशोर को शामिल किया, जो पहले एक होटल में काम करता था। हत्या के लिए 25 लाख रुपए की सुपारी तय की गई थी, जिसमें से अग्रिम राशि पहले ही दे दी गई थी और बाकी रकम बाद में देने का आश्वासन दिया गया था।
पुलिस ने बताया कि 11 जनवरी को माला देवी को जमीन दिखाने के बहाने गजवक मोहम्मदपुर बुलाया गया। इसके बाद उन्हें एक सुनसान स्थान पर ले जाया गया, जहां आरोपियों ने गोली मारकर उनकी हत्या कर दी। वारदात के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए थे।
जांच के दौरान पुलिस ने मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड, लोकेशन डेटा और पीड़िता व आरोपियों के निजी संपर्कों का विश्लेषण किया, जिससे अहम सुराग हाथ लगे। सबसे पहले कुणाल किशोर को जहानाबाद रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया। उसकी निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया मोबाइल फोन भी बरामद किया गया। इसके बाद उससे मिली जानकारी के आधार पर पीड़िता के पति सुबोध शर्मा को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस ने बताया कि दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ की जा रही है। इस मामले का खुलासा फुलवारीशरीफ के अनुमंडल पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) के नेतृत्व में गठित विशेष जांच दल (एसआईटी) ने किया है। पुलिस का कहना है कि हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार की बरामदगी, पूरे नेटवर्क का पता लगाने और किसी अन्य सहयोगी की भूमिका की जांच के लिए आगे की कार्रवाई जारी है।
--आईएएनएस
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