विभिन्न दलों के नेताओं ने तेलंगाना के विचारक जयशंकर को दी श्रद्धांजलि
हैदराबाद, 6 अगस्त (आईएएनएस)। तेलंगाना के विचारक के. जयशंकर की जयंती पर गुरुवार को विभिन्न राजनीतिक दलों के नेताओं ने उन्हें श्रद्धांजलि दी।
मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी, राज्य के मंत्रियों और कांग्रेस, भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के नेताओं ने तेलंगाना आंदोलन में काकतीय यूनिवर्सिटी के पूर्व वाइस-चांसलर की अहम भूमिका को याद किया।
राज्यभर में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में जन-प्रतिनिधियों और अधिकारियों ने दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी ने कहा कि तेलंगाना के लोग तेलंगाना आंदोलन और तेलंगाना के अलग राज्य बनने के दौरान प्रोफेसर जयशंकर के अमूल्य योगदान को हमेशा याद रखेंगे।
मुख्यमंत्री ने याद किया कि तेलंगाना के विचारक जयशंकर ने अलग तेलंगाना राज्य के मकसद के लिए जीवनभर अथक प्रयास किया।
मुख्यमंत्री ने जयशंकर को एक महान व्यक्तित्व बताया, जिन्होंने अपनी आखिरी सांस तक तेलंगाना के लिए संघर्ष किया। उन्होंने तेलंगाना राज्य के गठन के लिए अपना पूरा जीवन समर्पित करने वाले इस विचारक की प्रशंसा की।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जयशंकर ही थे, जिन्होंने इस क्षेत्र के साथ हुए अन्याय और यहां के लोगों के साथ हुए भेदभाव को आंकड़ों के साथ देश के सामने रखकर, छह दशकों तक अलग तेलंगाना की मांग वाले आंदोलन को जीवित रखा। तेलंगाना संघर्ष के दौरान जयशंकर की वैचारिक मजबूती और उनके मार्गदर्शन को कभी भुलाया नहीं जा सकता। साथ ही, यह भी दोहराया गया कि लोगों की सरकार उनके आदर्शों को साकार करने के लिए प्रतिबद्ध है।
बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष के. टी. रामा राव ने जयशंकर को श्रद्धांजलि दी और कहा कि वे तेलंगाना आंदोलन के मार्गदर्शक थे, जिन्होंने तेलंगाना राज्य का दर्जा हासिल करने के लक्ष्य और आंदोलन को ही अपनी जिंदगी का मकसद बना लिया था।
के.टी. रामा राव ने 'एक्स' पर पोस्ट किया कि महान आचार्य कोथापल्ली जयशंकर ने अपना पूरा जीवन सिर्फ तेलंगाना राज्य हासिल करने के मकसद के लिए समर्पित कर दिया।
उन्होंने कहा, "आंदोलन के नेता केसीआर गारू के लिए जयशंकर सर एक गुरु की तरह थे। तेलंगाना की भावना को फैलाकर और लोगों में जागरूकता की लौ जलाकर, जयशंकर सर तेलंगाना के लिए एक मार्गदर्शक बन गए।"
के. टी. रामा राव ने कहा कि उनकी सेवाओं को सम्मान देते हुए बीआरएस सरकार ने भूपालपल्ली ज़िले और एग्रीकल्चर कॉलेज का नाम जयशंकर के नाम पर रखा।
बीआरएस ने जयशंकर को श्रद्धांजलि देने के लिए अपने मुख्यालय तेलंगाना भवन में एक कार्यक्रम आयोजित किया। बीआरएस ने जयशंकर को श्रद्धांजलि देने के लिए अपने मुख्यालय तेलंगाना भवन में एक कार्यक्रम आयोजित किया।
के. कविता के नेतृत्व में तेलंगाना रक्षा सेना, हैदराबाद के सरूरनगर में जयशंकर को श्रद्धांजलि देने और सामाजिक न्याय की मांग करने के लिए एक जनसभा का आयोजन किया।
--आईएएनएस
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