सऊदी अरब में फंसे 600 से अधिक उमराह तीर्थयात्रियों की वापसी के लिए कर्नाटक सीएम ने एस. जयशंकर से लगाई गुहार
बेंगलुरु, 23 अक्टूबर (आईएएनएस)। कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार ने शुक्रवार को विदेश मंत्री एस. जयशंकर से आग्रह किया कि वे तत्काल हस्तक्षेप करें, ताकि सऊदी अरब के पवित्र शहरों मक्का और मदीना में फंसे कर्नाटक के 600 से अधिक उमराह तीर्थयात्रियों की सुरक्षित और जल्द वापसी सुनिश्चित की जा सके। मध्य पूर्व में बिगड़ते सुरक्षा हालात के बीच यह कदम उठाना जरूरी हो गया है।
एस. जयशंकर को लिखे एक पत्र में डी.के.शिवकुमार ने कहा कि बेंगलुरु और भारत के अन्य हिस्सों के लिए वापसी उड़ानों के निलंबन ने तीर्थयात्रियों को मुश्किल हालात में डाल दिया है। हवाई सेवाओं में रुकावट के कारण कई लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने बताया कि कर्नाटक राज्य हज समिति के अध्यक्ष और उनकी टीम, जो हाल ही में इन पवित्र शहरों का दौरा करके लौटी है, ने भी जानकारी दी है कि कई तीर्थयात्री गंभीर कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं। कई लोगों के पास मौजूद पैसे खत्म हो गए हैं और वे भोजन और रहने की जगह जैसी बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए भी संघर्ष कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि ऐसी खबरें हैं कि होटल प्रबंधन तीर्थयात्रियों से अपने कमरे खाली करने के लिए कह रहे हैं। इससे बुजुर्गों, महिलाओं और बच्चों सहित कई लोग बेहद नाजुक और मुश्किल स्थिति में आ गए हैं।
डी.के. शिवकुमार ने बताया कि इस क्षेत्र में भारतीय और कर्नाटक के स्वयंसेवी संगठनों द्वारा दी जा रही अस्थायी मदद, प्रभावित लोगों की जरूरतों को पूरा करने के लिए नाकाफी है।
मानवीय आधार पर इस मामले की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने विदेश मंत्री से आग्रह किया कि वे रियाद में भारतीय दूतावास और जेद्दा में भारतीय वाणिज्य दूतावास को निर्देश दें। उन्होंने कहा कि ये दूतावास सऊदी अरब के अधिकारियों, एयरलाइंस और अन्य संबंधित एजेंसियों के साथ मिलकर स्थिति का जायजा लें और वहां फंसे तीर्थयात्रियों की सुरक्षित वापसी के लिए तुरंत इंतजाम करें।
उन्होंने विदेश मंत्रालय से यह भी अनुरोध किया कि जहां जरूरी हो, वहां विशेष उड़ानों की व्यवस्था की जाए और जब तक तीर्थयात्री भारत वापस नहीं लौट आते, तब तक उन्हें हरसंभव मदद मुहैया कराई जाए।
वहां फंसे लोगों की नाजुक स्थिति और उनकी परेशानियों को देखते हुए शिवकुमार ने मंत्रालय से आग्रह किया कि इस मामले को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए और बिना किसी देरी के जरूरी कदम उठाए जाएं।
उन्होंने कहा कि कर्नाटक सरकार, प्रभावित तीर्थयात्रियों की सुरक्षित और जल्द वापसी सुनिश्चित करने के लिए हर तरह का सहयोग देने को तैयार है।
--आईएएनएस
एससीएच/वीसी
