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जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने धोखाधड़ी और जालसाजी के मामलों में आरोपी के खिलाफ दाखिल की दो चार्जशीट

श्रीनगर, 4 अक्टूबर (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने धोखाधड़ी और जालसाजी के मामलों में एक आदतन अपराधी के खिलाफ दो चार्जशीट दाखिल की हैं।
 

श्रीनगर, 4 अक्टूबर (आईएएनएस)। जम्मू-कश्मीर जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की आर्थिक अपराध शाखा (ईओडब्ल्यू) ने धोखाधड़ी और जालसाजी के मामलों में एक आदतन अपराधी के खिलाफ दो चार्जशीट दाखिल की हैं।

क्राइम ब्रांच के एक बयान में रविवार को कहा गया है कि आर्थिक अपराध शाखा ने कुपवाड़ा के कलारूस लिश्टियाल निवासी अब्दुल रहीम मीर के बेटे अब्दुल मजीद मीर के खिलाफ श्रीनगर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में दो चार्जशीट दाखिल की हैं। यह चार्जशीट धोखाधड़ी, किसी और का रूप धरने, जालसाजी और नौकरी के इच्छुक लोगों से धोखे से पैसे वसूलने के आरोपों से जुड़े अलग-अलग मामलों में दाखिल की गई।

इस संबंध में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धाराओं 318(4), 336(3), 340(2) और 238 के तहत दर्ज एफआईआर हुई थी। जांच से यह आरोप साबित हुए कि आरोपी ने नौकरी दिलाने के बहाने 2.10 लाख रुपये की धोखाधड़ी की और एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया द्वारा जारी किया गया बताकर एक नकली और जाली नियुक्ति पत्र दिया।

एक अन्य मामले में जांच से पता चला कि आरोपी ने खुद को जम्मू-कश्मीर केंद्र शासित प्रदेश के उपराज्यपाल से जुड़े ड्यूटी ऑफिसर के तौर पर पेश किया और सरकारी नौकरी व एसडीए कॉलोनी, बेमिना में जमीन देने का वादा किया। आरोपी अब्दुल मजीद मीर ने लगभग 60 लाख रुपये वसूले और नकली नियुक्ति व जमीन आवंटन पत्र दिए। दोनों चार्जशीट न्यायिक फैसले के लिए अदालत में दाखिल कर दी गई हैं।

अधिकारियों ने बताया कि आरोपी अब्दुल मजीद मीर कश्मीर घाटी में दर्ज 15 अलग-अलग आपराधिक मामलों में शामिल है। क्राइम ब्रांच ने लोगों को आर्थिक धोखाधड़ी करने वालों से सावधान रहने और ऐसी किसी भी घटना की जानकारी सीधे एसएसपी ईओडब्लू श्रीनगर (क्राइम ब्रांच) अब्दुल वहीद शाह को देने की सलाह दी है। उन्होंने कहा, "अगर आप आर्थिक धोखाधड़ी का शिकार हुए हैं, तो आप अपनी शिकायत आधिकारिक ईमेल पर भी भेज सकते हैं।"

बता दें कि ईओडब्लू आर्थिक अपराधों से जुड़े हाई-प्रोफाइल मामलों की जांच करती है, जिनमें तकनीकी मदद और जांच करने वाली फुल-टाइम टीमों की जरूरत होती है।

--आईएएनएस

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