छात्र की आत्महत्या मामले में आईआईटी बॉम्बे ने डायरेक्टर के इस्तीफे की खबरों को बताया झूठा, जारी किया स्पष्टीकरण
नई दिल्ली, 21 सितंबर (आईएएनएस)। आईआईटी बॉम्बे ने सोमवार को उन खबरों का खंडन किया, जिनमें दावा किया गया था कि एक छात्र की आत्महत्या के कारण संस्थान के निदेशक शिरीष बी. केदारे ने इस्तीफा दे दिया है। संस्थान ने इन खबरों को गलत बताया।
सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो भी दिखाई दे रहे हैं, जिनमें दावा किया जा रहा है कि आईआईटी-बॉम्बे के डायरेक्टर ने इस्तीफा दे दिया है।
आईआईटी-बॉम्बे ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट किया कि आईआईटी-बॉम्बे के डायरेक्टर ने इस्तीफा नहीं दिया है। हम साफ तौर पर कहते हैं कि इससे जुड़ी खबर झूठी है।
एक और पोस्ट में संस्थान ने छात्र साहिल वाकोडे की मौत से जुड़े हालात के बारे में पहले दिए गए बयानों के लिए माफी मांगी।
संस्थान ने कहा कि साहिल की मौत से जुड़े हालात के बारे में हमारे पहले के बयानों के लिए हम माफी मांगते हैं। घटना की वजह और हालात की जांच सही अधिकारियों द्वारा की जा रही है। चल रही जांच को देखते हुए साहिल की मौत से पहले की घटनाओं के बारे में जानकारी देना या उन्हें किसी तरह से बताना ठीक नहीं था, जब तक कि सही जांच प्रक्रिया से वे पूरी तरह साबित न हो जाएं।
इस बीच आईआईटी बॉम्बे के डायरेक्टर ने कहा कि प्रोफेसर डूला को तुरंत प्रभाव से डीन के पद से सस्पेंड कर दिया गया है। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
शुक्रवार को कैंपस में हुई आत्महत्या के बाद आईआईटी-बॉम्बे में विरोध कर रहे छात्रों के पीछे न हटने पर संस्थान ने सोमवार को छात्रों द्वारा उठाए गए मुद्दों और उनकी मांगों पर चर्चा करने के लिए अपने बोर्ड ऑफ गवर्नर्स की एक खास बैठक बुलाई।
बैठक के दौरान छात्रों ने 18 मांगों की एक लिस्ट पेश की, जिसमें केदारे का इस्तीफा भी शामिल था। हालांकि लिस्ट मान ली गई, लेकिन यह साफ नहीं था कि डायरेक्टर अपने पद से हटेंगे या नहीं।
पिछले तीन दिनों से आईआईटी-बॉम्बे के पवई कैंपस में छात्र प्रशासन के खिलाफ विरोध कर रहे हैं। यह विरोध दूसरे साल के बीटेक छात्र की आत्महत्या के बाद हो रहा है, जिसे शुक्रवार को परीक्षा के दौरान चीटिंग करते हुए पकड़ा गया था।
मुंबई क्राइम ब्रांच ने आईआईटी बॉम्बे के छात्र वाकोडे की आत्महत्या की जांच अपने हाथ में ले ली है। जांच करने वाले उसके मोबाइल फोन की जांच कर रहे हैं ताकि कोई सुसाइड नोट या कोई और डिजिटल सबूत मिल सके, क्योंकि हॉस्टल के कमरे में ऐसा कोई नोट नहीं मिला था।
जांच करने वाले जब्त किए गए डिवाइस का टेक्निकल एनालिसिस कर रहे हैं और पवई कैंपस के हॉस्टल नंबर 4 में घटना वाली जगह का मुआयना कर रहे हैं, ताकि 18 सितंबर की घटना से जुड़े सबूतों और हालात का पता लगाया जा सके।
इससे पहले आईआईटी बॉम्बे फैकल्टी फोरम ने वाकोडे की मौत पर दुख जताया और प्रोफेसर डूला का समर्थन किया, जो परीक्षा के दौरान कोर्स इंस्ट्रक्टर और इनविजिलेटर थे।
फैकल्टी फोरम ने छात्र की मौत पर गहरा दुख जताया और उसके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि इस मुश्किल समय में उनकी संवेदनाएं परिवार के साथ हैं।
--आईएएनएस
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