Aapka Rajasthan

केंद्र ने अगले छह महीनों के लिए रवि अग्रवाल को दोबारा सीबीडीटी का चेयरमैन नियुक्त किया

नई दिल्ली, 30 जून (आईएएनएस)। केंद्र सरकार ने मंगलवार को रवि अग्रवाल को अगले छह महीने के लिए कॉन्ट्रैक्ट आधार पर केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के चेयरमैन के तौर पर दोबारा से नियुक्त करने की मंजूरी दे दी।
 

नई दिल्ली, 30 जून (आईएएनएस)। केंद्र सरकार ने मंगलवार को रवि अग्रवाल को अगले छह महीने के लिए कॉन्ट्रैक्ट आधार पर केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) के चेयरमैन के तौर पर दोबारा से नियुक्त करने की मंजूरी दे दी।

कैबिनेट की नियुक्ति समिति (एसीसी) ने अग्रवाल के नए कार्यकाल को मंजूरी दे दी है, जो 1 जुलाई से 31 दिसंबर, 2026 तक या अगले आदेश तक, जो भी पहले हो, लागू रहेगा।

एसीसी के अग्रवाल को सर्वोच्च प्रत्यक्ष कर प्रशासन निकाय के प्रमुख के रूप में पद पर बने रहने के प्रस्ताव को मंजूरी देने से सीबीडीटी के कामकाज में निरंतरता सुनिश्चित हो गई है।

आदेश में कहा गया कि पुनर्नियुक्ति केंद्रीय सरकार के पुनर्नियोजित अधिकारियों पर लागू होने वाली सामान्य शर्तों और नियमों के अनुसार और भर्ती नियमों में छूट के साथ की गई है।

सरकारी आदेश में कहा गया, "कैबिनेट की नियुक्ति समिति ने रवि अग्रवाल को सीबीडीटी के चेयरमैन के तौर पर फिर से नियुक्त करने की मंजूरी दे दी है। यह नियुक्ति कॉन्ट्रैक्ट के आधार पर छह महीने के लिए (1 जुलाई से 31 दिसंबर तक) या अगले आदेश तक—इनमें से जो भी पहले हो—की गई है। यह नियुक्ति दोबारा नियुक्त होने वाले केंद्र सरकार के अधिकारियों पर लागू होने वाली आम शर्तों के तहत और भर्ती नियमों में छूट देते हुए की गई है।"

इनकम टैक्स कैडर के 1988 बैच के इंडियन रेवेन्यू सर्विस (आईआरएस) अधिकारी अग्रवाल को जून 2024 में नितिन गुप्ता की जगह सीबीडीटी का चेयरमैन नियुक्त किया था।

वित्त मंत्रालय के आय विभाग के तहत आने वाला सीबीडीटी इनकम टैक्स डिपार्टमेंट की सबसे बड़ी पॉलिसी बनाने वाली संस्था है, इसके प्रमुख चेयरमैन होते हैं और इसमें भारत सरकार के स्पेशल सेक्रेटरी के रैंक वाले छह सदस्य तक हो सकते हैं।

यह संस्था डायरेक्ट टैक्स कानूनों को लागू करने, टैक्स पॉलिसी बनाने, नियमों का पालन मजबूत करने और टैक्सपेयर की सेवाओं को बेहतर बनाने के लिए जिम्मेदार है।

यह दोबारा नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब डायरेक्ट टैक्स कलेक्शन में अच्छी बढ़ोतरी देखी जा रही है।

इनकम टैक्स डिपार्टमेंट के अनुसार, चालू वित्त वर्ष में 1 अप्रैल से 17 जून की अवधि के दौरान शुद्ध प्रत्यक्ष कर संग्रह सालाना आधार पर 14.64 प्रतिशत बढ़कर 5.21 लाख करोड़ रुपए हो गया है।

--आईएएनएस

एबीएस