छत्तीसगढ़ में कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत और नेहा सिंह राठौर पर एफआईआर दर्ज, पुराने वीडियो को तिरंगा विवाद से जोड़ने का आरोप
रायपुर, 18 अगस्त (आईएएनएस)। छत्तीसगढ़ भाजपा के प्रवक्ता उज्ज्वल दीपक की शिकायत पर कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत और सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर नेहा सिंह राठौर के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
आरोप है कि इन दोनों ने भाजपा के ट्रेनिंग प्रोग्राम की तस्वीरें और वीडियो फैलाए और उन्हें गलत तरीके से स्वतंत्रता दिवस समारोह का फुटेज बताया। दोनों के खिलाफ एफआईआर 17 अगस्त की शाम को दर्ज की गई थी।
आईएएनएस से बात करते हुए शिकायतकर्ता उज्ज्वल दीपक ने दावा किया, "कांग्रेस की सोशल मीडिया प्रेसिडेंट और अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की चेयरपर्सन सुप्रिया श्रीनेत ने नेहा सिंह राठौर और कुछ अन्य सोशल मीडिया यूजर्स के साथ मिलकर 15 अगस्त को गलत जानकारी फैलाने की कोशिश की। उन्होंने मार्च 2026 का एक वीडियो शेयर किया जिसमें पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर भारतीय जनता पार्टी का झंडा लहराते हुए दिख रहे थे। पोस्ट को इस तरह पेश किया गया जैसे यह वीडियो 15 अगस्त को रिकॉर्ड किया गया हो।"
छत्तीसगढ़ पुलिस को दी गई शिकायत के अनुसार, श्रीनेत और राठौर ने धमतरी जिले के कुरुद में 22 मार्च 2026 को आयोजित 'पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महा अभियान' का वीडियो शेयर किया था।
पोस्ट में दावा किया गया कि ये विज़ुअल्स 15 अगस्त 2026 के हैं और कहा गया कि भाजपा प्रतिनिधियों ने राष्ट्रीय ध्वज की जगह पार्टी का झंडा फहराया था।
स्वतंत्रता दिवस पर इस पुराने वीडियो को फैलाया गया, शिकायतकर्ता का दावा है कि इससे जनता में भ्रम, राजनीतिक तनाव और अशांति फैल सकती है।
यह विवाद पूर्व मंत्री और कुरुद से भाजपा विधायक अजय चंद्राकर के एक वीडियो को लेकर है, जो 15 अगस्त को वायरल हुआ था। क्लिप में चंद्राकर भाजपा का झंडा फहराते हुए दिख रहे हैं। सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे इस दावे के साथ शेयर किया कि उन्होंने स्वतंत्रता दिवस पर तिरंगे की जगह पार्टी का झंडा फहराया था, जिससे राष्ट्रीय ध्वज के अपमान का आरोप लगा।
बाद की जांच से पता चला कि फुटेज 15 अगस्त का नहीं, बल्कि भाजपा के पहले के प्रशिक्षण कार्यक्रम का था।
शिकायत में कहा गया है कि कांग्रेस से जुड़े हैंडल्स ने पुराने वीडियो को ठीक स्वतंत्रता दिवस पर वायरल किया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने बीएनएस की धारा 336 (4), 353 (2) और 196 के तहत मामला दर्ज किया है और मामले की जांच कर रहे हैं।
भाजपा ने नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल और संबंधित सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए गुमराह करने वाले कंटेंट को तुरंत हटाने और इसमें शामिल अकाउंट्स के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
अधिकारियों ने कहा कि शिकायत में ऐसी सामग्री के प्रसार पर आपत्ति जताई गई है जिससे सामाजिक स्तर पर भ्रम और विवाद पैदा हो सकता है।
--आईएएनएस
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