सीपीआई (एम) का ईडी और वी.डी. सतीशन पर आरोप, सीएमआरएल-एक्सालॉजिक मामले में फंसाने की हो रही कोशिश
तिरुवनंतपुरम, 25 सितंबर (आईएएनएस)। सीपीआई (एम) के राज्य सचिव एम.वी. गोविंदन ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) और केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समर्थन से सीपीआई (एम) को सीएमआरएल-एक्सालॉजिक मामले में निशाना बना रहे हैं। वहीं, दूसरी ओर राज्य पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने इस मामले में केंद्रीय एजेंसी से और अधिक दस्तावेज तथा सबूत हासिल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।
यह बयान ऐसे समय आया है जब राज्य पुलिस की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम ने केंद्रीय एजेंसी से और दस्तावेज और सबूत मांगने की प्रक्रिया शुरू की है।
एमवी गोविंदन ने कहा, "ईडी और वीडी प्रधानमंत्री के समर्थन से निराधार मामलों में सीपीआई (एम) को फंसाने की पूरी कोशिश कर रहे हैं। हमें पूरा भरोसा है कि पूर्व मुख्यमंत्री पिनाराई विजयन के खिलाफ एक भी सबूत नहीं है। इसके बजाय सीएमआरएल-एक्सालॉजिक मामले को लेकर बेबुनियाद आरोप फैलाए जा रहे हैं। हम इसका कानूनी और राजनीतिक रूप से मुकाबला करेंगे, हमारा कुछ नहीं बिगड़ेगा।"
एमवी गोविंदन की यह प्रतिक्रिया उस पृष्ठभूमि में आई है जब राज्य पुलिस ने ईडी द्वारा दी गई सामग्री पर प्रारंभिक जांच शुरू की है।
राज्य पुलिस प्रमुख द्वारा क्राइम ब्रांच की निगरानी में गठित स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम ने आगे की कार्रवाई तय करने से पहले ईडी से और जानकारी तथा दस्तावेज लेने का फैसला किया है। जांच कर रहे सुपरिटेंडेंट को केंद्रीय एजेंसी के साथ समन्वय और दस्तावेज तथा अन्य सबूत जुटाने की जिम्मेदारी दी गई है।
इन सभी सामग्री की विस्तार से जांच के बाद राज्य पुलिस प्रमुख को प्रारंभिक रिपोर्ट सौंपी जाएगी। पुलिस ने इस मामले में अभी तक एफआईआर दर्ज नहीं की है। केस दर्ज करने का फैसला प्रारंभिक सबूतों की जांच और कानूनी राय लेने के बाद ही किया जाएगा।
पिनाराई विजयन, पूर्व मंत्री पीए मोहम्मद रियास, उनकी पत्नी टी. वीना और अन्य प्रमुख व्यक्तियों के बयान दर्ज करने का सवाल भी इसी प्रारंभिक जांच के नतीजों पर निर्भर करेगा।
ईडी के पत्र में कई ऐसे व्यक्तियों का जिक्र है जिनके वित्तीय लेन-देन की पुलिस जांच कर रही है। एसआईटी कम से कम पांच कोझिकोड आधारित लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है, जिनके रियास से संबंध होने की पहचान केंद्रीय एजेंसी के पत्र में की गई है।
जांच में सीएमआरएल के वरिष्ठ अधिकारी और कर्मचारी भी शामिल होंगे और कंपनी से जुड़े वित्तीय लेनदेन की भी जांच होगी। ईडी ने अवैध भुगतान और संदिग्ध अनधिकृत वित्तीय लेन-देन के आरोप लगाए हैं, जिसमें विदेश में फंड ट्रांसफर के आरोप भी शामिल हैं।
पुलिस प्रारंभिक जांच के तहत बैंक खातों, वित्तीय रिकॉर्ड और डिजिटल सबूतों की जांच कर रही है। डिजिटल और तकनीकी सबूतों की जांच में साइबर इन्वेस्टिगेशन टीम एसआईटी की मदद करेगी।
सीपीआई(एम) ने राजनीतिक बचाव किया है, लेकिन पुलिस जांच ने इस विवाद को नया कानूनी आयाम दे दिया है। गोविंदन ने साफ किया है कि पार्टी इन आरोपों का राजनीतिक और कानूनी दोनों तरह से मुकाबला करेगी।
केरल सरकार ने सितंबर 2026 में चर्चित सीएमआरएल-एक्सालॉजिक रिश्वत मामले में राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री पिनराई विजयन और उनके परिवार के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया है।
--आईएएनएस
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