बंगाल के सरकारी अस्पताल में महिला नर्सिंग स्टाफ मृत पाई गई, जांच जारी
कोलकाता, 13 अगस्त (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल में गुरुवार को रहस्यमय स्थितियों में नर्सिंग स्टाफ का शव पाया गया। वह राज्य सरकार द्वारा संचालित एन.आर.एस मेडिकल कॉलेज और केंद्रीय कोलकाता में स्थित अस्पताल में कार्यरत थी।
नर्सिंग स्टाफ का शव अस्पताल के वाशरूम में पाया गया। घटना वाले दिन उसकी नाइट ड्यूटी थी। उसकी ड्यूटी बुधवार को गायनेकोलॉजी विभाग का हाई डिपेंडेंसी यूनिट में लगाई गई थी।
पहले यह जानकारी मिली कि वह ड्यूटी से गायब है। इसके बाद उसके सहकर्मियों ने उसे खोजना शुरू किया, तो उसका शव अस्पताल के वाशरूम में पाया गया।
अस्पताल अधिकारियों को पुलिस की ओर से इस घटना के बारे में जानकारी दी गई। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। अस्पताल के सूत्रों के मुताबिक, आखिर नर्सिंग स्टाफ की मृत्यु का क्या कारण था। इसकी वजह शव परीक्षण रिपोर्ट के आने के बाद ही साफ हो पाएगी।
आज से दो साल पहले अगस्त 2024 में आरजीकर मेडिकल कॉलेज के आपाकालीन विभाग के सेमीनार रूम से फिमेल जूनियर डॉक्टर का शव भी बरामद हुआ था। आरजी कर मेडिकल कॉलेज राज्य सरकार की तरफ से संचालित है। यह हॉस्पिटल उत्तर बंगाल में स्थित है। जांच में यह सामने आया था कि उसे मौत के घाट उतारने से पहले उसके साथ दुष्कर्म किया गया था।
इस घटना को लेकर राज्यभर में व्यापक विरोध प्रदर्शन देखने को मिला था। इसके बाद इस घटना को लेकर राष्ट्रीय स्तर पर लोगों ने अपना रोष जाहिर किया। पूरे राज्य में इस घटना को लेकर काफी हंगामा भी हुआ। अब इस समय में इस अस्पताल में एक रहस्मय स्थिति में नर्स की मौत हो गई।
इस हादसे के बाद पूर्व की ममता बनर्जी सरकार ने राज्य सरकार की ओर से संचालित सभी अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने का आदेश दिया था, हालांकि इसे लेकर कई बार सवाल उठे थे कि इन दो साल में सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने की दिशा में किस तरह से कदम उठाए गए।
इसी साल में मार्च महीने में एलीवेटर में फंस कर एक शख्स को अपनी जान गंवानी पड़ी थी। यह एलिवेटर लंबे समय से खराब था, जिसका इस्तेमाल अस्पताल कर्मचारियों की ओर से किया भी नहीं जा रहा था। इसी महीने इस अस्पताल में एक वृद्ध मरीज को भी अपनी जान गंवानी पड़ी थी, क्योंकि उसे शौचालय जाने के लिए स्ट्रैचर नहीं दिया गया था।
--आईएएनएस
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