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झारखंड के मुख्यमंत्री की मां के बारे में कथित टिप्पणी करने पर भाजपा विधायक पर मामला दर्ज

रांची, 5 अक्टूबर (आईएएनएस)। झारखंड पुलिस ने गढ़वा के भाजपा विधायक सत्येंद्र नाथ तिवारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। यह मामला झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां रूपी सोरेन के बारे में कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने से जुड़ा है।
 

रांची, 5 अक्टूबर (आईएएनएस)। झारखंड पुलिस ने गढ़वा के भाजपा विधायक सत्येंद्र नाथ तिवारी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। यह मामला झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मां रूपी सोरेन के बारे में कथित तौर पर आपत्तिजनक टिप्पणी करने से जुड़ा है।

पुलिस ने 'अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम' और अन्य कानूनों की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस के अनुसार, गढ़वा के रंका थाने में यह एफआईआर गसेदाग गांव के निवासी श्रवण सिंह खरवार की लिखित शिकायत के आधार पर दर्ज की गई।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि तिवारी ने ऑनलाइन वायरल हुए एक वीडियो में रूपी सोरेन के बारे में आपत्तिजनक और अपमानजनक टिप्पणी की थी।

शिकायत में कहा गया है कि यह टिप्पणी उस समय की गई थी जब रूपी सोरेन बीमार थीं और अस्पताल में उनका इलाज चल रहा था।

खरवार ने दावा किया कि इन कथित टिप्पणियों से न केवल उन्हें व्यक्तिगत रूप से ठेस पहुंची, बल्कि अनुसूचित जनजाति समुदाय की भावनाओं को भी आहत किया गया।

उन्होंने पुलिस को यह भी बताया कि सबूत के तौर पर वीडियो की रिकॉर्डिंग पेन ड्राइव में उपलब्ध कराई जा सकती है।

शिकायतकर्ता ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम और एससी/एसटी (अत्याचार निवारण) अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की मांग की। शिकायत पर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एफआईआर दर्ज की और मामले की जांच शुरू कर दी।

पुलिस ने बताया कि कथित टिप्पणियों वाला वीडियो मूल रूप से 28 सितंबर को एक यूट्यूब चैनल पर प्रसारित किया गया था और बाद में इसे सोशल मीडिया पर फैलाया गया।

यह शिकायत इसी वीडियो के आधार पर दर्ज की गई थी। जांचकर्ताओं ने कहा कि मामले की जांच चल रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई जांच के नतीजों पर निर्भर करेगी।

अपने ऊपर लगे आरोपों के संबंध में तिवारी की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया नहीं मिली।

पुलिस ने कहा कि कथित टिप्पणियों का पूरा संदर्भ और आगे की कानूनी कार्रवाई की दिशा जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी।

--आईएएनएस

एमएस/