भाजपा ने ममता बनर्जी के खिलाफ चुनाव आयोग से शिकायत की, एमसीसी के उल्लंघन का आरोप लगाया
कोलकाता, 25 मार्च (आईएएनएस)। भाजपा ने बुधवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के खिलाफ चुनाव आयोग से शिकायत की है। भाजपा ने उन पर राज्य में पहले से लागू आदर्श आचार संहिता (एमसीसी) के बड़े उल्लंघन का आरोप लगाया है।
शिकायत में, जिसकी एक कॉपी आईएएनएस के पास मौजूद है, भाजपा ने बताया कि एमसीसी के चैप्टर 9 के क्लॉज 9.3 और 9.4 के मुताबिक, एमसीसी लागू होने के बाद, सरकारी खर्च पर पब्लिक जगहों पर मुख्यमंत्री और मंत्रियों समेत राजनीतिक नेताओं के होर्डिंग्स और तस्वीरें लगाने पर रोक है, लेकिन मुख्यमंत्री के घर के पास मशहूर कालीघाट काली मंदिर के पास कालीघाट स्काईवॉक प्रोजेक्ट, जो राज्य सरकार का प्रोजेक्ट है, उसमें अब भी उनकी तस्वीर लगी हुई है।
पश्चिम बंगाल की भाजपा यूनिट की तरफ से चीफ इलेक्शन ऑफिसर (सीईओ) को भेजे गए पत्र में लिखा था कि यह बताना बहुत जरूरी है कि ममता बनर्जी न सिर्फ अभी की मुख्यमंत्री हैं, बल्कि तृणमूल कांग्रेस की सुप्रीमो और 159 एसी भवानीपुर से उम्मीदवार भी हैं, और कालीघाट वह जगह है, जो पूरी तरह से उस चुनाव क्षेत्र की ज्योग्राफिकल लिमिट में आती है।
इसमें यह भी बताया गया कि मुख्यमंत्री के तौर पर उनकी तस्वीरों का लगातार प्रदर्शन एमसीसी और रिप्रेजेंटेशन ऑफ द पीपल एक्ट, 1951, दोनों का सरासर उल्लंघन है। भाजपा ने चुनाव आयोग से रिक्वेस्ट किया कि ममता बनर्जी के ऐसे सभी होर्डिंग्स, बैनर और तस्वीरों को तुरंत हटाने का निर्देश दें, जिसमें कोलकाता के श्यामा प्रसाद मुखर्जी रोड पर कालीघाट स्काईवॉक पर लगी तस्वीर भी शामिल है, और दोषियों के खिलाफ कानून के मुताबिक जरूरी कार्रवाई करें।
जब रिपोर्ट फाइल की गई, तब इस मामले पर पश्चिम बंगाल सरकार या सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस की तरफ से कोई रिएक्शन नहीं आया। इससे पहले, मुख्यमंत्री ने अगले महीने राज्य में दो फेज में होने वाले असेंबली इलेक्शन से पहले नॉर्थ बंगाल में लगातार तीन रैलियों को संबोधित किया।
एक रैली में, उन्होंने राज्य में पहले से तैनात सीएपीएफ कंपनियों पर आरोप लगाए।
उन्होंने कहा कि भाजपा के खिलाफ हर वोट चुनाव आयोग के खिलाफ बदला होगा, जिसने स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन के जरिए लोगों को परेशानी पहुंचाई है। उन्होंने कहा कि वह सीएपीएफ की बहुत इज्जत करती हैं, लेकिन अब उन्होंने देखा कि पश्चिम बंगाल में वे भाजपा के एजेंट की तरह काम कर रहे हैं और भाजपा के झंडे भी ले जा रहे हैं।
--आईएएनएस
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