बिहार: मुंगेर में पुलिस स्टेशन के पास 15 साल के लड़के की गोली मारकर हत्या
पटना, 19 सितंबर (आईएएनएस)। शनिवार दोपहर मुंगेर के जमालपुर में सफियासराय पुलिस स्टेशन के पास दिन-दहाड़े 15 साल के एक लड़के की गोली मारकर हत्या कर दी गई, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।
मृतक की पहचान नौलखा इलाके के रहने वाले ई-रिक्शा ड्राइवर चंदन कुमार के बेटे इशांत कुमार के तौर पर हुई है। इशांत टाउन हाई स्कूल का छात्र था।
परिवार के मुताबिक, इशांत शनिवार सुबह स्कूल गया था और उसके बाद घर लौट आया था। बाद में, उसके दोस्त ऋतुराज ने परिवार को बताया कि निरंजन कुमार और आयुष कुमार ने इशांत को बिजली ऑफिस बुलाया था।
परिवार का आरोप है कि जब इशांत ऑफिस पहुंचा, तो निरंजन कुमार ने उसके सिर में गोली मार दी। घटना के तुरंत बाद आरोपी भाग गए।
गोली की आवाज सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और घायल किशोर को एक प्राइवेट क्लिनिक ले गए। उसकी गंभीर हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे सदर अस्पताल रेफर कर दिया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
इशांत के पिता ने बताया कि करीब दो महीने पहले इशांत और उसकी बहन हसरगंज में लाल का चौक के पास ट्यूशन क्लास जाते थे। परिवार का आरोप है कि निरंजन कुमार और आयुष कुमार उनकी बेटी को क्लास जाते समय परेशान करते थे। आपत्ति जताने के बाद बच्चों ने ट्यूशन जाना बंद कर दिया था।
रिश्तेदारों का आरोप है कि शनिवार को पुराने विवाद को सुलझाने के बहाने ईशांत को बिजली विभाग के दफ्तर बुलाया गया था, लेकिन वहां उस पर हमला किया गया और गोली मार दी गई।
इस घटना के बाद, मुंगेर के एसपी सैयद इमरान मसूद अस्पताल पहुंचे और पीड़ित परिवार से मुलाकात की। उन्होंने पुलिस अधिकारियों को मामले की जांच करने और आरोपियों को गिरफ्तार करने का निर्देश दिया और कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
मुख्यालय के डीएसपी अर्जुन कुमार गुप्ता भी पुलिस टीम के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। एफएसएल की टीम ने सबूत इकट्ठा किए, जबकि पुलिस ने स्थानीय लोगों से पूछताछ की और गोलीबारी से जुड़ी परिस्थितियों की जांच की।
जांच करने वाले अधिकारी कथित पुराने विवाद और अन्य संभावित वजहों की जांच कर रहे हैं। पुलिस यह पता लगाने की भी कोशिश कर रही है कि घटना में कितने लोग शामिल थे और इस्तेमाल किए गए हथियार का स्रोत क्या था।
दिन-दहाड़े हुई इस हत्या के बाद इलाके में सुरक्षा बढ़ा दी गई है। पुलिस टीमें छापेमारी कर रही हैं और आरोपियों का पता लगाकर उन्हें गिरफ्तार करने की कोशिशें जारी हैं।
--आईएएनएस
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