दिल्ली लक्ष्मी योजना: 1.54 लाख महिलाओं ने रजिस्ट्रेशन कराया, 10,723 आवेदन जमा
नई दिल्ली, 3 अगस्त (आईएएनएस)। हाल ही में शुरू की गई 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' को शहर की महिलाओं से अच्छा रिस्पॉन्स मिल रहा है। सोमवार सुबह 7:48 बजे तक 1.54 लाख महिलाओं ने ऑफिशियल पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन कराया और 10,723 ने अपने फाइनल आवेदन जमा किए।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को आधिकारिक तौर पर दिल्ली लक्ष्मी योजना की शुरुआत की। उन्होंने योजना के ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन पोर्टल 'डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू डॉट डीएलवाई डॉट दिल्ली डॉट जीओवी डॉट इन' का भी उद्घाटन किया।
पोर्टल के लाइव होने के 12 घंटों के भीतर ही शहर की महिलाओं ने 33,730 से ज्यादा रजिस्ट्रेशन कराए। एक अधिकारी ने बताया कि इस दौरान 1,940 फाइनल आवेदन जमा किए गए।
इस योजना के तहत, योग्य महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपए की आर्थिक मदद मिलेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सिर्फ सीधी आर्थिक मदद से आगे बढ़कर, इस योजना का मकसद महिलाओं को बचत, डिजिटल फाइनेंशियल समावेशन, सामाजिक सुरक्षा और लंबे समय की आर्थिक स्थिरता से जोड़ना है, जिससे यह देश में एक अनोखा मॉडल बन सके।
लॉन्च इवेंट में लोगों को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने विधानसभा चुनावों के दौरान महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने का जो वादा किया था, उसे पूरा किया है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली कैबिनेट ने शुरू में इस योजना को 'महिला समृद्धि योजना' के तौर पर मंजूरी दी थी, लेकिन बाद में महिलाओं के सम्मान, समृद्धि और आर्थिक सशक्तिकरण के व्यापक विजन को बेहतर ढंग से दिखाने के लिए इसका नाम बदलकर 'दिल्ली लक्ष्मी योजना' कर दिया गया।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि यह योजना शुरू में तीन साल के लिए लागू की जाएगी और इससे लगभग 17 लाख महिलाओं को फायदा होने की उम्मीद है।
उन्होंने कहा कि इस योजना को आम नकद सहायता कार्यक्रमों से अलग तरह से डिजाइन किया गया है। लाभार्थी अपनी व्यक्तिगत जरूरतों के आधार पर दो वित्तीय विकल्पों में से चुन सकेंगी। पहले विकल्प के तहत, रोजमर्रा के खर्चों को पूरा करने के लिए हर महीने 1,000 रुपए सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी (सीबीडीसी) वॉलेट में जमा किए जाएंगे, जबकि बाकी 1,500 रुपए आरडी/एफडी खाते में जमा किए जाएंगे।
दूसरे विकल्प के तहत, हर महीने पूरे 2,500 रुपए आरडी/एफडी में जमा किए जाएंगे, जिससे लाभार्थियों को समय के साथ ब्याज सहित अच्छी-खासी बचत करने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस तरह, इस योजना का मकसद तुरंत आर्थिक मदद के साथ-साथ लंबे समय के लिए आर्थिक सुरक्षा भी देना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सीबीडीसी वॉलेट के लिए एक डिजिटल 'नेगेटिव लिस्ट' लागू की जाएगी ताकि यह पक्का किया जा सके कि सरकारी मदद का इस्तेमाल सिर्फ घर की जरूरी चीजों के लिए ही हो। वॉलेट में जमा रकम को शराब, तंबाकू, नशीले पदार्थों, लॉटरी टिकट, जुए, सट्टेबाजी या सरकार द्वारा समय-समय पर प्रतिबंधित किसी भी अन्य सामान और सेवाओं पर खर्च नहीं किया जा सकेगा। इससे यह पक्का होगा कि आर्थिक मदद का इस्तेमाल परिवारों की भलाई के लिए हो।
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली लक्ष्मी योजना पूरी तरह से टेक्नोलॉजी-आधारित और डिजिटल प्लेटफॉर्म के जरिए चलेगी। हाल ही में लॉन्च किया गया पोर्टल पूरी प्रक्रिया को एक साथ जोड़ेगा, जिसमें आवेदन, दस्तावेजों की जांच, पात्रता की जांच, मंजूरी, पीएफएमएस इंटीग्रेशन, बैंकिंग सेवाएं, सीबीडीसी ट्रांसफर और एसएमएस सेवाएं शामिल हैं। इससे प्रक्रिया तेज, ज्याजा पारदर्शी और जवाबदेह बनेगी।
--आईएएनएस
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